आसाराम बापू के ओछे बयान की चौतरफा आलोचना हो रही है। आसाराम के बयान पर चौतरफा आक्रोश पैदा हो गया है। भाजपा ने आसाराम को बयान वापस लेने की कड़ी नसीहत दे डाली है तो कांग्रेस ने भी इसे शर्मनाक और दुर्भाग्यजनक करार दिया है। राष्ट्रीय महिला आयोग ने भी आसाराम का कड़ा विरोध जाहिर किया है।
आसाराम के ताजा बयान को लेकर भाजपा ने बचकाना हरकत कहा है। भाजपा नेता बलबीर पुंज ने कहा कि आसाराम को अपना बयान तुरंत वापस लेना चाहिए और साथ ही माफी भी मांगनी चाहिए। कांग्रेस प्रवक्ता पी सी चाको ने कहा कि आसाराम बापू का यह बयान बेहद शर्मनाक और दुर्भाग्यजनक है। हमें महिलाओं की इज्जत करनी चाहिए। पार्टी ऐसे किसी बयान का कड़ा विरोध करती है। राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष ममता शर्मा ने इस बयान को महिला विरोधी करार दिया और उनसे माफी मांगने को कहा।
सियासी दल ही नहीं बल्कि टीवी चैनलों पर भी आसाराम के बयानों को आड़े हाथों लिया गया। महिला संगठनों से लेकर आम महिलाओं ने आसाराम को खरी खरी सुनाई। इससे पहले मध्य प्रदेश के मंत्री कैलाश विजयवर्गीय बेतुका बयान दे चुके हैं। विजयवर्गीय ने कहा था कि महिलाएं मर्यादा नहीं लांघें। सीता ने लक्ष्मण रेखा लांघी तो रावण ने उनका हरण कर लिया था। वहीं राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ प्रमुख मोहन भागवत ने कहा था कि बलात्कार की घटना इंडिया में ज्यादा होती है। भारत में नहीं।