भड़काऊ भाषण देने के मामले में गिरफ्तार मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एमआईएम) के विधायक अकबरुद्दीन ओवैसी की न्यायिक हिरासत की अवधि 5 फरवरी तक बढ़ा दी गई है। वहीं सरकारी कामकाज में बाधा डालने के मामले में गिरफ्तार एमआईएम के अध्यक्ष और हैदराबाद से सांसद असादुद्दीन ओवैसी की जमानत याचिका पर आज सुनवाई होनी है। असादुद्दीन के गिरफ्तारी के विरोध में हैदराबाद समेत आंध्र प्रदेश के कई हिस्सों में स्कूल-कॉलेज और बाजार बंद हैं।
अकबरुद्दीन की 14 दिन की हिरासत अवधि मंगलवार को खत्म हो गई, इसलिए पुलिस ने उन्हें यहां से करीब 200 किलोमीटर दूर निर्मल में मुंसिफ मजिस्ट्रेट कोर्ट में पेश किया। कोर्ट ने दो और हफ्ते के लिए उनकी न्यायिक हिरासत बढ़ा दी है। इसके बाद अकबरुद्दीन को निर्मल से करीब 90 किलोमीटर दूर आदिलाबाद शहर की जिला जेल में भेज दिया गया।
गौरतलब है कि अकबरुद्दीन को निर्मल में 22 दिसंबर को भड़काऊ भाषण देने के बाद पुलिस ने आठ जनवरी को गिरफ्तार कर लिया था। अकबरुद्दीन पर हिंदू देवी-देवताओं के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणियां करने, राजद्रोह, देश के खिलाफ युद्ध छेड़ने व आपराधिक षडयंत्र के आरोप हैं।
असादुद्दीन की जमानत याचिका पर सुनवाई
दूसरी ओर असादुद्दीन और उनके समर्थकों पर 2005 में मेडक के तत्कालीन जिला कलेक्टर एके सिंघल के कामकाज में बाधा डालने का मामला दर्ज है। इस मामले में कोर्ट में पेश नहीं होने के कारण असादुद्दीन के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया गया था।
गिरफ्तारी से बचने के लिए असादुद्दीन ने मेडक जिले की स्थानीय अदालत में सोमवार सुबह को समर्पण कर दिया था। जिसके बाद अदालत ने उनको 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया था। असादुद्दीन ओवैसी की जमानत याचिका पर आज सुनवाई होनी है।