कांग्रेस पार्टी से विधानसभा चुनाव का टिकट चाहने वालों को अब पहले एक पांच पन्नों का आवेदन फॉर्म भरना होगा उसके बाद ही टिकट हाथ लगेगा।
कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी के इस नए तरीके के मुताबिक आवदेन फॉर्म के आधार पर उम्मीदवारों का चयन किया जाएगा। राहुल ने ही उम्मीदवार चुनने का यह तरीका खोजा है।
इस फॉर्म के जरिए उम्मीदवारी चाहने वालों से उनके चुनाव-क्षेत्र के बारे में जानकारी मांगी जाएगी जिससे उनके ज्ञान को परखा जा सके। साथ ही कुछ अन्य बातें भी पूछी जाएंगी।
कांग्रेस का कहना है कि इससे ईमानदार उम्मीदवारों का चयन करना भी आसान होगा।
इसी तरीके को अपनाते हुए इस साल होने वाले पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों और अगले साल लोकसभा चनावों के लिए उम्मीदवरों का चयन किया जाएगा।
मांगा जाएगा हार-जीत का ब्योरा
आवेदकों से इस फॉर्म में कई जानकारियां मांगी जाएंगी। इसमें पहले लड़े गए चुनावों के अनुभव, हार-जीत का ब्योरा और वोटों की मार्जिन के बारे में भी पूछा गया है।
साथ ही अवेदाकों को विधानसभा क्षेत्र में पार्टी के प्रदर्शन का आंकलन करने के लिए भी कहा जाएगा।
राजनीति हो सकेगी साफ
इस प्रक्रिया को अपनाने का उद्देश्य यह बताया जा रहा है, ताकि पार्टी सही उम्मीदवारों की पहचान कर सके और टिकट दिलाने का दावा करने वाले बिचौलियों से भी बचा जा सकेगा।
कांग्रेस सांसद मधुयास्की गौड़ का कहना है कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश के अनुसार हमें इस बात का पूरा ध्यान रखना होगा कि उम्मीदवारों की कोई आपराधिक पृष्ठभूमि न हो। इस तरह राजनीति को और साफ व पारदर्शी बनाया जा सकेगा।
वहीं, भारतीय जनता पार्टी ने राहुल की इस पहल को महत्वकांक्षी और अव्यवहारिक योजना करार देकर इसे खारिज कर दिया है।