सामाजिक कार्यकर्ता अन्ना हजारे ने अरविंद केजरीवाल द्वारा सोनिया गांधी के दामाद रॉबर्ट वाड्रा पर संपत्ति के मामले में लगाए गए आरोपों का समर्थन किया है। रालेगण सिद्घि में पत्रकारा वार्ता में अन्ना ने कहा कि रॉबर्ट वाड्रा की संपत्ति की न्यायिक जांच होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि जांच में अगर वाड्रा पर लगाए गए आरोप गलत साबित होते हैं तो केजरीवाल के खिलाफ मानहानि का केस दर्ज होना चाहिए।
अन्ना ने बेबाकी से कहा, 'अगर कांग्रेस को लगता है कि अरविंद केजरीवाल ने राबर्ट वाड्रा को लेकर जो आरोप लगाए हैं वो ग़लत है तो फिर वो न्यायिक जांच से क्यों घबरा रही है?' अन्ना ने वाड्रा के पक्ष में उतरे कांग्रेसी नेताओं को भी आड़े हाथों लिया।
अन्ना ने कहा, 'कई कांग्रेसी नेता कह रहे हैं कि ये आरोप बेबुनियाद हैं और राजनीति और चुनाव से प्रेरित हैं। हम कह रहे हैं कि अगर ये आरोप गलत हैं तो वो न्यायिक जांच की घोषणा क्यों नहीं कर रहे हैं और ये आरोप अगर ग़लत हैं तो केजरीवाल के ख़िलाफ़ मानहानि का मुक़दमा दर्ज किया जाए, सच और झूठ सामने आ जाएगा।'
उल्लेखनीय है कि अन्ना के पूर्व सहयोगी अरविंद केजरीवाल, प्रशांत भूषण और उनके पिता शांति भूषण ने शुक्रवार को दिल्ली में एक पत्रकारवार्ता में रॉबर्ट वाड्रा और रियल डेवलपर डीएलएफ समूह के बीच सांठ-गांठ का आरोप लगाया था। इस दौरान केजरीवाल ने पत्रकारों के सामने कुछ दस्तावेज़ भी पेश किए, जिसके आधार पर उन्होंने आरोप लगाया कि डीएलएफ़ समूह ने गलत तरीकों से रॉबर्ट वाड्रा को 300 करोड़ रुपयों की संपत्तियां कौड़ियों के दामों में दे दीं। उधर कांग्रेस पार्टी ने इन आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है।