लोकपाल बिल के मुद्दे पर कांग्रेस के खिलाफ जंतर मंतर पर धरने पर बैठने वाले समाजसेवी अन्ना हजारे अब राहुल गांधी के मुरीद हो गए हैं।
जबकि किसी समय अन्ना को तिहाड़ भेजने वाली कांग्रेस पार्टी के उपाध्यक्ष उनके फैन हो गए हैं।
हालांकि इस पूरे घटनाक्रम में आप संयोजक अरविंद केजरीवाल गांधीवादी नेता से दूर हो गए हैं। केजरीवाल ने लोकपाल बिल को जोकपाल बताया था। लोकपाल बिल को लेकर अन्ना और राहुल के बीच बधाई और तारीफों से भरी चिट्ठियों की आवाजाही जारी है।
पहले अन्ना ने चिट्ठी लिखकर लोकपाल का खुलकर समर्थन करने के लिए पार्टी उपाध्यक्ष की तारीफ की। फिर राहुल ने पत्र लिखकर कहा कि आपके पत्र से उनका हौसला बढ़ा है और वह लोकपाल व्यवस्था देने के लिए प्रतिबद्ध है।
लोकपाल के समर्थन में राहुल के खुलकर आने के बाद समाजसेवी हजारे ने चिट्ठी लिखी थी। अन्ना ने लिखा कि लोकपाल बिल को पारित कराने के लिए उनके प्रयास की वह सराहना करते है और इसका खुले दिल से स्वागत करते हैं।
उन्होंने कहा कि सेलेक्ट कमेटी की ओर से की गई सिफारिशों को बिल में शामिल किया जाए। इन बिंदुओं को कमेटी में शामिल दलों ने सर्वसम्मति से तय किया है। अन्ना के पत्र के जवाब में राहुल ने भी दिल खोलकर उनकी तारीफ की।
उन्होंने गांधीवादी नेता का धन्यवाद करते हुए मजबूत लोकपाल के लिए कोशिश जारी रखने की बात कही। उन्होंने कहा कि हम सभी मिलकर देश के लोगों को एक मजबूत लोकपाल देने के लिए प्रतिबद्ध हैं। इस काम में आपकी भूमिका का वह सम्मान करते है और वह उनके समर्थन के लिए उनका धन्यवाद करते हैं।