उत्तर प्रदेश के नए लोकायुक्त की नियुक्ति भी संदेह के घेरे में आ गई है। इलाहाबाद हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ ने नए लोकायुक्त की नियुक्ति पर सवाल उठाया है। एबीपी न्यूज के मुताबिक, जस्टिस चंद्रचूड़ ने कहा है कि लोकायुक्त पद के लिए जिन पांच व्यक्तियों का नाम भेजा गया था, उनमें वीरेंद्र सिंह का नाम शामिल नहीं था।
उल्लेखनीय है कि सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को एक ऐतिहासिक फैसला देते हुए वीरेंद्र सिंह को उत्तर प्रदेश का लोकायुक्त नियुक्त कर दिया था। सर्वोच्च अदालत ने उत्तर प्रदेश सरकार को लोकायुक्त नियुक्त करने का आदेश दिया था। लेकिन वो ऐसा नहीं कर पाई, जिससे खफा होकर सुप्रीम कोर्ट ने नियुक्ति का आदेश खुद ही दे दिया।
हालांकि वीरेंद्र सिंह को भी समाजवादी पार्टी के मुखिया मुलायम सिंह यादव का करीबी माना जाता है। लोकायुक्त पद के लिए वीरेंद्र सिंह उत्तर प्रदेश सरकार की पहली पसंद थे।