केंद्र की मोदी सरकार पर अभी भी देश की जनता का विश्वास कायम है। अगर अभी लोकसभा चुनाव होता है तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के एनडीए गठबंधन को फिर से बहुमत मिल सकता है।
एबीपी न्यूज और नील्सन के सर्वे में ये खुलासा हुआ है। हालांकि इस सर्वे के मुताबिक पिछले चुनाव के मुकाबले एनडीए को कुछ सीटों का नुकसान होता जरूर दिख रहा है। लेकिन गठबंधन बहुमत हासिल करने में सफल रहेगी।
सर्वे में जनता से पूछा गया कि आखिर वह केंद्र की मोदी सरकार से कितना खुश है। देश में अभी किसकी लहर है? इस मुद्दे पर सीधे तौर से जनता प्रधानमंत्री मोदी के साथ खड़ी नजर आई। हालांकि जनता ने सरकार में शामिल कुछ नेताओं पर गठबंधन में शामिल सहयोगी दलों के कामकाज पर सवाल जरूर उठा दिए।
मोदी अब भी सबकी पहली पसंद
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अभी सबसे लोकप्रिय नेता हैं। उन्हें 58 फीसदी जनता ने पसंद किया है। उनसे पीछे राहुल गांधी हैं जिन्हें 11 फीसदी जनता ने पसंद किया है। इसके बाद सोनिया गांधी और अरविंद केजरीवाल का नंबर है। फिर ममता बनर्जी और बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का नंबर है।
अगर सीटों की बात की जाए तो अभी चुनाव होने पर मोदी गठबंधन को 301 सीटें मिलती दिख रही हैं। जो 2014 के लोकसभा चुनाव से करीब 35 सीटें कम हैं। यूपीए गठबंधन को 108 सीटें मिल रही है। जो पिछले चुनाव से 48 सीटें ज्यादा है।
इसके साथ वाम दलों को भी इस चुनाव फायदे का अनुमान है वह पिछली बार से 10 सीटें ज्यादा लाती दिख रही है यानी उसकी झोली 20 सीटें जाएंगी। अन्य पार्टियों के खाते में 114 सीटें जाएंगी।
बता दें कि 2014 के आम चुनाव में बीजेपी नेतृत्व वाले गठबंधन को 336 सीटें, यूपीए को 60, लेफ्ट को 10 और अन्य के खाते में 137 सीटें गई थी।
अच्छे दिन पर जनता ने उठाए सवाल
हालांकि सर्वे में जब पूछा गया कि क्या अच्छे दिन आए? इस मुद्दे पर जनता प्रधानमंत्री मोदी के साथ नहीं नजर आई। सर्वे में कहा गया कि केंद्र सरकार के अब तक के कार्यकाल में अच्छे दिन नहीं आए हैं। 50 फीसदी जनता ने अच्छे दिन नहीं आने की बात कही है वहीं 42 फीसदी जनता के मुताबिक अच्छे दिन आ गए हैं।
सर्वे में पूछा गया कि वर्तमान प्रधानमंत्री मोदी के कार्यकाल से लोग कितना संतुष्ट हैं? इस पर जनता का भरोसा मोदी सरकार पर कायम है। 54 फीसदी लोगों ने मोदी सरकार के कामकाज को अच्छा बताया है। 14 फीसदी लोगों ने खराब बताया है।
वहीं जब विपक्ष के रवैये को लेकर जनता से पूछा गया तो जनता एक बार फिर से मोदी सरकार के साथ नजर आई। 44 फीसदी लोगों के मुताबिक विपक्ष ने मोदी सरकार को जीएसटी बिल पास करने से रोक दिया। हालांकि 30 फीसदी इससे सहमत नजर नहीं आए।
असहिष्णुता के मुद्दे पर दिखी बंटी राय
इसके अलावा देश में असहिष्णुता पर गुस्से को लेकर जब सवाल किया गया तो जनता दो खेमों में बंटी दिखाई दी। 35 फीसदी के मुताबिक असहिष्णुता पर गुस्सा खुद सामने आया। वहीं 38 फीसदी के मुताबिक इस मुद्दे पर गुस्सा बनावटी था।
राम मंदिर को लेकर सर्वे में पूछा गया कि क्या मोदी सरकार को राम मंदिर बनवाने की पहल करनी चाहिए? इस पर 65 फीसदी लोगों के मुताबिक मोदी सरकार को राम मंदिर निर्माण की कोशिश करनी चाहिए। 23 फीसदी लोग इसके खिलाफ नजर आए।
एबीपी न्यूज-नील्सन का ये सर्वे 8 से 13 जनवरी के बीच हुआ है। इसमें 19 राज्यों के 109 लोकसभा क्षेत्रों में कुल 16, 732 वोटरों से रायशुमारी की गई।