केंद्रीय वन मंत्री प्रकाश जावडेकर रविवार को उदयपुर के जिस बायोलॉजिकल पार्क का उद्घाटन करने वाले हैं, वहां का एकमात्र बाघ चूहों से मिली बीमारी के कारण शनिवार को मर गया। चूहों की यह बीमारी यहां कुछ और जानवरों को भी होने की आशंका है।
अब पार्क प्रशासन चूहों के आतंक से निजात पाने के लिए आदिवासी कथोड़ी जाति की मदद ले रहा है। जानकारी के अनुसार उदयपुर में बायोलॉजिकल पार्क विकसित करने के लिए बंगलूरू से बाघ को यहां लाया गया था। यह बाघ ही इस पार्क का मुख्य आकर्षण था।
लाने के कुछ समय बाद बाघ बीमार हो गया और जांच में पता चला कि बाघ को पार्क में रहने वाले चूहों से लैकटोपायरेसिस नामक बीमारी लग गई है। चिकित्सकों ने काफी प्रयास किए, लेकिन शनिवार को इस बाघ की मौत हो गई। अब प्रशासन अन्य जानवरों की भी जांच में जुट गया है।