रसोई गैस कनेक्शन लेने के झंझट बगैर कम भार वाले एलपीजी सिलेंडरों को अब सभी राज्यों में सामान्य पेट्रोल पंपों से खरीदा जा सकेगा।
पिछले माह पांच किलोग्राम वाले छोटे एलपीजी सिलेंडरों की बिक्री मुंबई, कोलकाता, चेन्नई और बंगलूरू में शुरू करने के बाद अब इसका विस्तार देश भर में किया जाएगा।
पेट्रोलियम मंत्री वीरप्पा मोइली ने छोटे एलपीजी सिलेंडरों की बिक्री कंपनियों के जरिए खुद चलाए जाने वाले पेट्रोल पंपों (कोको) के अलावा सामान्य पेट्रोल पंपों पर भी शुरू करने को हरी झंडी दिखा दी है।
हालांकि पांच राज्यों में होने वाले विधानसभा चुनाव के कारण इस योजना को अमली जामा पहनाने में अड़चन आ सकती है।
पेट्रोलियम मंत्रालय ने माना है कि चुनावी आचार संहिता के कारण कई जगहों पर इसे लागू करने में समय लग सकता है।
7 नवंबर को हैदराबाद में यह योजना शुरू होने वाली है। जबकि मंत्रालय के एक अधिकारी ने बताया कि पेट्रोल पंपों को बिक्री शुरू करने से पहले तेल उद्योग सुरक्षा निदेशालय या पेट्रोलियम विस्फोटक एवं सुरक्षा (ओआईएसडी और पीईएसओ) से वैधानिक मंजूरी लेना अनिवार्य होगा।
ऐसे में सभी पेट्रोल पंपों पर छोटे सिलेंडरों की बिक्री संभव नहीं होगी। पेट्रोल पंपों की क्षमता, सुरक्षा व अन्य पैमाने को आंकने के बाद ही सिलेंडरों की बिक्री शुरू करने की अनुमति दी जा सकती है।
पेट्रोलियम मंत्रालय का कहना है कि इस निर्णय से प्रवासियों, मजदूरों, छात्रों और बीपीओ में काम करने वालों को सर्वाधिक लाभ होगा।
महत्वपूर्ण यह है कि ऐसे रसोई गैस सिलेंडर लेने के लिए ज्यादा कागजी कार्यवाही नहीं करनी पड़ेगी। उपभोक्ताओं के पहचान पत्र पर पेट्रोल पंपों से रसोई गैस मिल सकेगी।
इसे किसी भी वक्त आसानी से लेने की आजादी भी होगी। हालांकि इसके लिए उपभोक्ताओं को बाजार मूल्य का भुगतान करना होगा। लेकिन छोटे सिलेंडर के रेगुलेटर को लेना अनिवार्य नहीं किया गया है।
पहली दफा सिलेंडर लेने के लिए एक हजार रुपये और कर का भुगतान करना होगा। जबकि रेगुलेटर के लिए 250 रुपये जमा करने होंगे।
याद रहे कि 5 अक्तूबर को सरकार ने मुंबई, कोलकाता, चेन्नई और बंगलूरू के कंपनी चलित पेट्रोल पंपों (कोको) पर छोटे गैर रियायती सिलेंडरों की बिक्री शुरू की थी।