गाजीपुर में एक फर्जी अस्पताल का भंडाफोड़ हुआ है। यहां एक इंटर पास युवक लोगों का ऑपरेशन किया करता था।
नीमहकीम द्वारा इलाज किए जाने की शिकायत पर स्वास्थ्य विभाग की टीम ने शादियाबाद रोड स्थित किराए के मकान में चल रहे शुभम क्लीनिक एंड हास्पिटल पर बुधवार को छापा मारा।
यहां इंटर पास युवक मरीजों का आपरेशन करता था। इसके अलावा भी कई गड़बड़ियां मिलने पर अधिकारियों ने क्लीनिक को सील कर दिया, जबकि इस दौरान मौजूद एक कर्मचारी फरार हो गया।
इस मामले में नंदगंज थाने में मुकदमा भी दर्ज कराया गया है।
डीएम को शिकायत मिली थी शादियाबाद मोड़ पर चार साल से एक क्लीनिक गैरकानूनी तरीके से चल रहा है। इस अस्पताल में नीमहकीम द्वारा मरीजों का ऑपरेशन कर उनका शोषण किया जाता है। मामले को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी ने सीएमओ डॉ. बीएन गुप्ता को उस अस्पताल की जांच करने के निर्देश दिए।
प्रबंधक नहीं लगा हाथ
सीएमओ के निर्देश पर बुधवार को करीब एक बजे नोडल अधिकारी डॉ. आरके सिंह मेहरा, डिप्टी सीएमओ डॉ. अशोक कुमार तथा सहायक नईमुद्दीन की टीम पुलिस के साथ नंदगंज पहुंची और शुभम क्लीनिक एंड हास्पिटल पर छापा मारा।
नोडल अधिकारी आरके मेहरा ने बताया कि जांच के दौरान क्लीनिक का प्रबंधक ओपी गौतम मौके पर मौजूद नहीं मिला।
अस्पताल में राजेश नाम का एक व्यक्ति मौजूद था। वहां भर्ती मरीजों ने बताया कि यही मरीजों का ऑपरेशन तथा देखभाल करता है। पूछताछ में पता चला कि राजेश इंटर पास है तथा उसके पास कोई चिकित्सकीय डिग्री नहीं है। पूछताछ के दौरान ही वह चकमा देकर भागने में सफल रहा।
बच्चेदानी निकाली, डिलिवरी भी कराई
नोडल अधिकारी ने बताया कि अस्पताल में एलोपैथिक, आयुर्वेदिक तथा होम्योपैथिक की दवाइयां मिलीं। शादियाबाद गांव की माला देवी पत्नी नगीना राम यहां कई दिनों से भर्ती है।
उन्होंने बताया कि राजेश ने उसकी बच्चेदानी का ऑपरेशन किया है। इसी प्रकार धरवां की एक महिला भी भर्ती थीं जिनकी ऑपरेशन के जरिए डिलिवरी कराई गई थी। एक अन्य मरीज सोहनलाल ने बताया कि 20 दिन पहले उसका हाइड्रोसील का आपरेशन किया गया है। अब तक उसे भर्ती रखकर धन वसूली की जा रही है।
इन सब की जानकारी होते ही स्वास्थ्य टीम के होश उड़ गए। टीम ने दवाओं, ऑपरेशन के उपकरण आदि को जब्त कर अस्पताल को सील कर दिया। इस मामले में नंदगंज थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई गई। सीएमओ डॉ. बीएन गुप्ता ने बताया कि इस अस्पताल में अप्रशिक्षित व्यक्ति मरीजों का ऑपरेशन और इलाज करता था।