तो.. इस तस्वीर को देखकर आपको हंसी आई या आप डर गए। वैसे आपको बता दें कि 1920 में खींची जाने वाली इस पोज की तस्वीरों को हॉर्समैंनिंग कहा जाता था। इन तस्वीरों में ऐसा भ्रम पैदा किया जाता था कि किसी का सर काट कर अलग रख दिया गया है।
swimming mask..
अरे नहीं! ये किसी को डराने के लिए नहीं है। ये तो 1920 में लड़कियों के लिए बनाया गया स्विमिंग मास्क है।
वैसे तो इसे देख कर वाकई कोई डर जाए लेकिन जैसे ही पता चलता है कि ये मास्क है तो हंसी छूट जाती है।
मिस एटमिक बॉम
अंदाजा लगाइए ये क्या है?
ये 1950 में 'मिस एटमिक बॉम' का खिताब है। जरा ताज तो देखिए..
टीवी सेलिब्रिटी
नहीं जी... अगर आप सोच रहे हैं कि ये कोई फेक तस्वीर है या इसे फोटोशॉप से एडिट करके बनाया गया है। तो ऐसा कुछ भी सोचने से पहले आपको बता दें कि ये तस्वीर एकदम असली है।
यह 1961 का एक बुलडॉग है। जो कि एक टीवी सेलिब्रिटी है और एक शो के लिए तैयार हो रहा है।
सनलाइट
हमम... खतरनाक तो है। लेकिन 1930 में कुछ देशों में घरों में ऐसे छज्जे बनाए गए थे जिनसे उनके बच्चों को भरपूर सूरज की रौशनी मिल सके।