उत्तर प्रदेश के कासगंज में आम के बाग में रखवाली कर रहे दो लोगों की कच्छा-बनियान धारी बदमाशों ने लाठी डंडों से पीट पीट कर हत्या कर दी। हत्या और लूट के बाद भागते बदमाशों में से दो सड़क हादसे में घायल हो गए, जिन्हें पुलिस ने जिला अस्पताल से दबोच लिया। पुलिस इनके साथियों की तलाश में दबिश दे रही है।
घटना शनिवार को मध्यरात्रि के बाद गांव जियाउद्दीनपुर के जंगल में हुई और इसमें मारे गए प्रेम सिंह (45) गांव जियाउद्दीनपुर और वीरेंद्र (35) नगला भूरा झांवर का रहने वाले थे।
घटना के वक्त आम के बाग में प्रेम सिंह, वीरेंद्र सिंह, हाकिम सिंह निवासी खेड़ली कठूमर, जिला अलवर और लालसिंह निवासी भरावली उमेर, भरतपुर, राजस्थान रखवाली कर रहे थे। वीरेंद्र बाग में मधुमक्खी पालन का भी काम करता था। रात में आधा दर्जन से अधिक कच्छा-बनियानधारी बदमाशों ने चारपाई पर सो रहे प्रेम सिंह और वीरेंद्र पर लाठी डंडों से हमला कर दिया।
लूट कर भागे 'गिरोह' का रास्ते में एक्सीडेंट
शोर होने पर बाग में दूसरी ओर सो रहे हाकिम और लाल सिंह इनके पास पहुंचे तो बदमाशों ने इन्हें भी पीटना शुरू कर दिया। वारदात के बाद बदमाश यहां से 1800 रुपये, मोबाइल, गैस सिलेंडर सहित अन्य सामान लूट फरार हो गए।
बदमाशों के जाने के बाद हाकिम और लाल सिंह भागकर गांव पहुंचे और घटना की जानकारी दी। सूचना पर एसपी विनय कुमार यादव, एएसपी राधे मोहन भारद्वाज मौके पर पहुंच गए।
बताया जा रहा है कि वारदात के बाद फरार हुए दो बदमाश घटना स्थल से करीब छह-सात किलोमीटर दूर बिलराम रोड पर किसी अज्ञात वाहन की चपेट में आकर घायल हो गए। पुलिस ने इन्हें जिला अस्पताल में इलाज कराते हुए दबोच लिया और इनकी निशानदेही पर राधा स्वामी आश्रम के पास से तमंचा, सरिया सहित अन्य सामान बरामद किया है।
सीओ एके सिंह ने बताया कि इनमें एक असगर पिछले एक साल से किसरौली रोड पर रह रहा था। वह मूल रुप से नई बस्ती, हापुड़ का रहना वाला है। उसके परिवारीजन रात में ही एक गाड़ी में अपना सामान भरकर भाग गए। पुलिस दोनों से पूछताछ कर रही है।