तारीख 5 मार्च 2014, यॉर्कशायर का लीड्स इलाका। शाम ढलने के साथ ही अंधेरा हो चुका था। दूर-दूर तक सन्नाटा फैला हुआ था और सड़क से फर्राटे भरती तेज रफ्तार गाड़ियां गुजरती जा रही थीं। तभी लीड्स के उस सुनसान बस स्टॉप पर एक 18 वर्षीय युवती पहुंची और घर जाने के लिए बस का इंतजार करने लगी।
उसी दरमियान बस स्टॉप के दूसरी तरफ से एक शख्स हुड वाली कमीज पहनकर गुजरा। और जैसे ही उसकी नजर बस स्टॉप पर खड़ी युवती पर पड़ी, उसकी नीयत डोल गई।
उस 21 वर्षीय डेन्को टरटैक के जिस्म पर हवस की आग इस कदर हावी हुई कि उसने नापाक वारदात को अंजाम दे डाला। वहशत की हदों को पार करते हुए पहले उसने युवती का रेप किया और फिर पत्थर से उसके सिर पर ताबड़तोड़ हमले करना शुरू कर दिया।