क्या कोई पिता हवस में इतना अंधा हो सकता है कि अपनी सगी बेटी के साथ कुकर्म करे और भेद खुलने पर उसकी हत्या कर दे। लेकिन हमारे समाज में ऐसे दरिंदों की कमी नहीं है।
यह कहानी एक ऐसे ही दरिंदे की है जिसका नाम भी दुर्जन सिंह है। दुर्जन सिंह पर आरोप है कि वह सालों से अपनी बेटी का उसका यौन शोषण कर रहा था। एक दिन बेटी ने विरोध किया तो उसने जहर देकर उसे मार दिया।
बेटी के शव को दुर्जन गुपचुप तरीके से कार में डालकर ले जाने लगा। इसकी जानकारी होने पर क्षेत्रीय लोगों के साथ युवती की मां व मामा पहुंचे तो वहां दुर्जन ने अपने साथियों के साथ मारपीट भी की।
दुर्जन की काली करतूते जारी रहीं
मामला कानपुर के साउथ सिटी गांव का है। मृत लड़की के मामा ने जो कहानी बयां कि उसके अनुसार उसकी बहन की ससुराल पनकी में है। लेकिन पति दुर्जन सिंह की प्रताड़ना के कारण वह करीब पांच साल से बेटी कामिनी, कौशल और बेटे गिरजेश के साथ मेरे पास रह रही है।
दो साल पहले बहन की बड़ी बेटी अनुराधा (सभी नाम काल्पनिक) भी पिता से अलग होकर मेरे पास आकर रहने लगी। कुछ समय बाद उनका पिता भी यहीं आकर रहने लगा। मामा का आरोप है कि अनुराधा का यौन शोषण उसका पिता ही कर रहा था।
विरोध करने पर वह मारपीट करता था। बीती रात भी अनुराधा ने पिता की मनमानी का विरोध किया तो मारपीट की। बुधवार दोपहर पिता ने अनुराधा को जहर खिला दिया। जिससे उसकी मौत हो गई।
अनुराधा के शव को कार में डालकर ले भागा
मामा का आरोप है कि अनुराधा के शव को दुर्जन गुपचुप तरीके से कार में डालकर पनकी लेकर चला गया। इसकी जानकारी होने पर क्षेत्रीय लोगों के साथ वह लोग शव लेने के लिए पनकी पहुंचे तो वहां दुर्जन ने अपने साथियों के साथ मारपीट शुरू कर दी।
पथराव के साथ लाठी-डंडे भी चलाए। जिसमें उनकी रिश्तेदार रामकुमारी का हाथ टूट गया और शरीर पर चोटे भी आईं। सूचना पर मौके पर पहुंची पनकी पुलिस ने शव को उन लोगों के सुपुर्द कर दिया। बाद में बर्रा पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
अनुराधा की मां व मामा ने दुर्जन पर बेटी के साथ अवैध संबंध व हत्या का आरोप लगाया है। लड़की के भाई ने भी आरोप लगाया कि उसके पिता ने ही बहन को जहरीला पदार्थ देकर मारा।
पुलिस ने लोक-लाज का भय दिखाया
पिता दुर्जन सिंह की करतूत पहले पुलिस तक पहुंच चुकी थी। अनुराधा के मामा का आरोप है कि उन्होंने गुजैनी पुलिस चौकी में शिकायत की थी लेकिन पुलिस ने लोक लाज का भय दिखाया और शांत रहने के लिए कहा। पुलिस अगर समय पर कार्रवाई करती तो शायद बात यहां तक न पहुंचती।
अनुराधा का शव लेने जब मामा गांव वालों के साथ पनकी स्थित दुर्जन सिंह के घर पहुंचे तो वहां सबके सामने छोटी बेटी ने अपने पिता की करतूत को बताना शुरू कर दिया। जिसके बाद दुर्जन उसे लेकर गायब हो गया।
अनुराधा की मां ने बताया कि पति दुर्जन ने एक बार नहीं बल्कि कई बार भरोसा तोड़ा। पहले उसने उसे धोखा दिया और फिर बेटी अनुराधा के साथ संबंध बनाकर उसने भरोसा तोड़ा। वह मायके रहने आ गई तो पति भी आ गया और भरोसा दिलाया कि वह सुधर गया है लेकिन उसने अपनी करतूते जारी रखीं।