साल भर पहले एक नाबालिग लड़की से रेप हुआ था। वह गर्भवती हो गई और घरवालों की सहमति से उसने एक बच्चे को जन्म दिया।
लेकिन पुलिस आरोपी को गिरफ्तार नहीं कर पाई थी। जब बच्चे का जन्म हुआ, तो पुलिस को एक उम्मीद की किरण दिखी। डीएनए टेस्ट के जरिए पुलिस ने छह संदिग्धों में से आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
घटना मुंबई के मालवानी थाना क्षेत्र की है।
मासिक धर्म में आ रही थी समस्या
टीओआई के अनुसार, नाबालिग लड़की मानसिक तौर पर बेहतर नहीं है और पोलियो ग्रस्त है। 24 सितंबर, 2012 को परिजन उसे अस्पताल ले गए क्योंकि कुछ महीने से उसे मासिक धर्म में समस्या आ रही थी।
जांच के दौरान डॉक्टरों ने बताया कि उसके गर्भ में पांच महीने का बच्चा है। घरवाले इस बात को सुनकर सन्न हो गए। उन लोगों ने मालवानी थाना में रेप का मामला दर्ज कराया। जिसके बाद पुलिस ने जांच शुरू की।
बच्चे को दिया जन्म
जनवरी 2013 में पीड़िता ने एक बच्चे को जन्म दिया। डीसीपी महेश पाटिल ने बताया कि घरवालों ने बच्चे को अनाथालय भेजने से इनकार कर दिया। उन्होंने उसे अपना लिया। लेकिन बच्चा काफी कमजोर था। जन्म के दो महीने के अंदर ही उसकी मौत हो गई।
गुत्थी सुलझी
इसी बीच पुलिस को पता चला कि पीड़िता पडो़स में अक्सर टीवी देखने जाती थी। पुलिस ने 100 से 150 लोगों को लेकर पूछताछ की। उनमें से छह लोग संदिग्ध पाए गए।
पुलिस ने इस गुत्थी को सुलझाने के लिए पीड़िता, छह संदिग्धों और बच्चे के खून का नमूना डीएनए टेस्ट के लिए फोरेंसिक लैब भेज दिया।
इस महीने आई रिपोर्ट ने आरोपी का चेहरा सामने ला दिया। पुलिस ने आरोपी मोहम्मद सिराज खान को रविवार को गिरफ्तार कर लिया। उसने बताया कि अप्रैल 2012 में उसने एक से अधिक बार पीड़िता से रेप किया था।