हरियाणा में सिरसा के गांव बुर्जभंगू रेलवे फाटक के पास बुधवार सुबह एक प्रेमी ने अपनी प्रेमिका को घसीटकर रेलगाड़ी के आगे छलांग लगाकर अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली। घटना की सूचना मिलने पर रेलवे पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने मृतक के पर्स से मिले वोटर कार्ड और आधार कार्ड के माध्यम से उसकी पहचान की।
युवक की पहचान जिला फतेहाबाद के खानपुर मोहल्ला निवासी दिनेश पुत्र रतन सिंह के रूप में हुई। मृतक युवती की पहचान सिरसा जिले के गांव अलीकां निवासी किरण के रूप में हुई है।
मृतक दिनेश के परिजनों को घटना की जानकारी देने पर वे घटना स्थल पर पहुंचे।
पिछले साल हुई थी युवक की शादी
दिनेश गांव भोडिया खेड़ा आईटीआई शिक्षण संस्थान का छात्र था और दिसंबर 2013 में ही उसकी शादी हुई थी। जानकारी के अनुसार सुबह 10 बजकर 40 मिनट पर रेवाड़ी से फाजिल्का जाने वाली रेलगाड़ी बुर्जभंगू रेलवे फाटक से आगे की ओर रवाना हुई।
कुछ ही दूरी पर एक युवक ने युवती के साथ एकदम से रेलगाड़ी के आगे छलांग लगा दी। युवक-युवती की रेलगाड़ी तले कुचले जाने से मौके पर ही मौत हो गई।
रेलगाड़ी के गार्ड हेमराज ने रेलगाड़ी रुकवाई और रेलवे लाइन का निरीक्षण कर रहे ‘की मैन’ सुरजीत कुमार को घटनाक्रम के बारे में जानकारी देकर शवों की निगरानी की जिम्मेदारी सौंपी। ‘की मैन’ सुरजीत ने घटना की सूचना रेलवे पुलिस को दी। रेलवे पुलिस थाना के एएसआई धर्मपाल पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे।
घटनास्थल पर युवक-युवती की शिनाख्त
पुलिस को घटनास्थल से आधा किलोमीटर दूर पिल्लर के पास एक बाइक और स्कूल बैग भी बरामद किया है। मृतक युवती सरकारी स्कूल की छात्रा थी, उसने सरकारी स्कूल की पोशाक पहन रखी थी। रेल तले युवक की गर्दन कटकर कट चुकी थी और पुलिस ने ‘की मैन’ से उसकी पेंट की जेब से पर्स निकालने को कहा। पर्स में से युवक को वोटर व आधार कार्ड मिला, जिससे उसकी पहचान दिनेश पुत्र रतन सिंह निवासी खानपुर मोहल्ला फतेहाबाद के रूप में हुई।
युवक के पास मिले मोबाइल से कुछ नंबरों पर फोन मिलाया गया। पहला फोन बठिंडा रहने वाली एक युवती ने उठाया, जैसे ही पुलिस वालों ने उससे बात की तो उसने फोन काट दिया। इसके बाद दूसरे नंबर पर फोन मिलाया तो मृतक युवक के परिजनों से संपर्क हो गया।
पुलिस ने परिजनों को घटना की जानकारी दी। युवती की पहचान पुलिस के लिए सिर दर्द बन गई। आसपास के काफी गांव वाले मौके पर पहुंचे लेकिन युवती की पहचान नहीं हो सकी। युवती के पास जो मोबाइल फोन मिला उसकी आईडी दिनेश के नाम पर है।
शादी से पहले का था प्रेम प्रसंग
दिनेश सुबह तैयार होकर घर से जाने लगा तो पिता रतन ने उससे पूछा कि कहां जा रहे हो? दिनेश ने कहा कि मैं कॉलेज जा रहा हूं पापा। मां ने टिफिन में खाना डालकर उसे दे दिया। रतन सिंह का कहना है कि उन्हें पता नहीं कि दिनेश सिरसा कैसे पहुंच गया?
मृतक दिनेश के चचेरे भाई सुनील कुमार ने बताया कि वह केबल आपरेटर का काम करता है। दिनेश का सिरसा की एक युवती के साथ प्रेम प्रसंग चल रहा था। बुधवार सुबह दिनेश करीब आठ बजे घर से कॉलेज के लिए रवाना हुआ। युवती ने उसे फोन करके सिरसा बुला लिया।
सुनील के अनुसार दिनेश की पांच माह पूर्व गाजियाबाद में शादी हुई थी। घर में किसी चीज की कमी नहीं है। दोपहर को जब पुलिस का फोन आया कि दिनेश की मौत हो चुकी है तो परिजनों की पैरों तले जमीन ही खिसक गई। मां और पत्नी रो-रोकर बेसुध हो गई।
एक प्रेम कहानी का दुखद अंत
‘की मैन’ सुरजीत ने बताया कि रेलगाड़ी गार्ड हेमराज ने उसे बताया कि युवक ने एक हाथ से युवती को पकड़ रखा था और एकदम घसीटकर उसे रेलगाड़ी के सामने ले आया। इससे प्रतीत होता है कि युवती का सुसाइड करने का इरादा नहीं था और युवक जबरन उसे रेलगाड़ी के आगे ले आया।
जांच अधिकारी धर्मपाल ने बताया कि मृतक युवती की पहचान दोपहर बाद गांव अलीकां निवासी किरण पुत्र ओमप्रकाश के रूप में हो गई। मृतका के परिजन सूचना मिलते ही सामान्य अस्पताल पहुंचे। किरण सरकारी स्कूल में कक्षा दसवीं में पढ़ती थी। किरण के रिश्तेदार खानपुर मोहल्ले में रहते हैं।
किरण काफी दिनों पहले अपने रिश्तेदार के यहां गई थी और वहीं उसकी दिनेश से मुलाकात हुई। दोनों के बीच प्रेम प्रसंग शुरू हो गया और इस प्रेम कहानी का दुखद अंत बुधवार को हो गया। पुलिस के अनुसार किरण सुबह दस बजे घर से निकली थी। जांच अधिकारी धर्मपाल ने बताया कि मृतकों के परिजनों के बयान दर्ज करके पुलिस ने 174 सीआरपीसी के तहत कार्रवाई की है।