मोबाइल पर शुरू हुई प्यार की कहानी में मेरठ पहुंची नाबालिग का अपहरण कर कई दिन तक बलात्कार किया गया। रेप के बाद जीजा और साले ने किशोरी को 50 हजार रुपये में तीसरे के हाथ बेच दिया।
मौका मिलने पर पीड़िता ने फोन कर आपबीती सुनाई तो परिजनों के पैरों तले जमीन खिसक गई। नागल पुलिस ने सूचना मिलने पर किशोरी को गौतमबुद्ध नगर से बरामद किया।
मोबाइल पर शुरू हुआ था प्यार
डेढ़ महीने पहले पीड़िता के मोबाइल पर एक फोन आया। कॉल करने वाले ने अपना नाम सुरेंद्र उर्फ बिट्टू बताया जो मेरठ के किठौर का रहने वाला बताया। दो-चार बार इनमें बात हुई और मामला प्यार तक पहुंच गया।
एक दिन युवक ने मिलने के लिए किशोरी को फोन किया और मेरठ बुलाया। उसके प्यार में दीवानी हो चुकी किशोरी घर वालों को बिना बताए मेरठ पहुंच गई। वह एक अक्टूबर को घर निकली थी।
पिता ने अज्ञात युवकों के विरुद्ध बहला-फुसलाकर ले जाने की रिपोर्ट दर्ज करा दी। उधर, मेरठ पहुंची किशोरी से बिट्टू अपने बहनोई पप्पन के साथ मिला और उसे अपने ट्यूबवेल पर ले गए। जहां उसे बंधक बनाकर कई दिनों तक रेप किया।
करीब एक सप्ताह बाद उन्होंने गौतमबुद्धनगर के केमरान गांव निवासी सतीश को 50 हजार रुपये में बेच दिया। सतीश ने जबरन उससे शादी कर ली और पत्नी की तरह रखने लगा।
शनिवार रात में किशोरी ने सतीश के परिजनों को पूरे विश्वास में लेकर अपने परिजनों को फोन करने की अनुमति ली। इसके बाद किशोरी ने पूरी घटना बताई तो घर वालों के पैरों तले जमीन खिसक गई।
तत्काल ही नागल पुलिस को पूरी जानकारी दी गई और पुलिस ने सतीश के पिता नेतराम को गिरफ्तार कर लिया। हालांकि पुलिस ने उसे सहारनपुर के बस स्टैंड से गिरफ्तार करने का दावा किया है।
वहीं नोएडा एसएसपी उपेंद्र अग्रवाल का कहना है कि पीड़िता का मेडिकल कराया जा रहा है और अभियुक्तों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी। पीड़िता के आरोपों में काफी हद तक सत्यता है।