दिल्ली के कनॉट प्लेस में किशोरी से गैंगरेप का मामला सामने आया है। वारदात के बाद किशोरी रात में कई घंटे कनाट प्लेस में स्थित पार्किंग में पड़ी रही। बताया जा रहा है कि वारदात के बाद उसकी मानसिक हालत बिगड़ गई है।
नई दिल्ली जिला पुलिस अधिकारियों ने घटना की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि यह कहना मुश्किल है कि किशोरी की मानसिक हालत पहले से ही खराब थी या फिर गैंगरेप की घटना के बाद खराब हुई है।
राम मनोहर लोहिया अस्पताल में मेडिकल जांच में भी दुष्कर्म की पुष्टि हो गई है। पुलिस दो दिन से इस मामले को छुपाने में लगी हुई थी।
पुलिस के अनुसार, आठ दिसंबर को तड़के कनॉट प्लेस के एन-ब्लॉक में स्थित पार्किंग में करीब 17 वर्षीय किशोरी बदहवास हालत में पड़ी मिली। पुलिस किशोरी को राम मनोहर लोहिया अस्पताल में ले गई, जहां डॉक्टरों ने उससे रेप होने की पुष्टि की।
पीड़िता ने अपने बयान में कहा है कि वह गोरखपुर (यूपी) के एक गांव की रहने वाली है। सौतेली मां के जुल्मों से परेशान होकर वह घर से भाग कर गोरखपुर से दिल्ली की ट्रेन में बैठ गई थी।
रेलवे स्टेशन से कुछ दूरी पर तीन-चार लोगों ने उसे अगवा कर लिया और सिंधिया हाउस के पीछे ले गए। वहां युवकों ने उससे गैंगरेप किया और उसके बाद एन-ब्लॉक की पार्किंग में छोड़ दिया।
मामले की सूचना कनाट प्लेस थाने को दी गई लेकिन बाद में घटना बाराखंभा थाने की निकली तो तफ्तीश बाराखंभा थाना पुलिस को सौंप दी गई। बाराखंभा थाना पुलिस ने सामूहिक दुष्कर्म का मामला दर्ज कर लिया है।
दो दिन बाद भी इस मामले में किसी आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया जा सका है। पुलिस कनाट प्लेस व सिंधिया हाउस के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की जांच कर रही है।
पुलिस का कहना है कि किशोरी की मानसिक हालत ठीक नहीं है। इस कारण वह कुछ ज्यादा नहीं बता पा रही है।