इलाहाबाद। साइबर शातिरों ने रेलवे इंजीनियर को भी नहीं बख्शा। वेरीफिकेशन के नाम पर शातिरों ने रेलवे इंजीनियर को अपनी बातों के जाल में फंसाया और एटीएम की डिटेल पूछ कर खाते से 18 हजार रुपया उड़ा दिया। खाते से रकम निकलने का मैसेज आया तो इंजीनियर सिविल लाइंस थाने पहुंचे। लेकिन पुलिस ने टरका दिया।
सिविल लाइंस में बलईपुर कॉलोनी के रहने वाले सुनील कुमार रेलवे में इंजीनियर हैं। दो दिन पहले उनके मोबाइल पर एक कॉल आई। कॉल करने वाले ने बताया कि मुंबई के एसबीआई बांद्रा स्थित हेड ब्रांच से बोल रहा हूं। उसने कहा कि आपका एटीएम नंबर बोल रहा हूं। चेक कर ले। रेलवे इंजीनियर ने बताया कि हां यही नंबर है। कॉल करने वाले ने कहा कि अभी मैसेज जाएगा। उसी पर एटीएम पासवर्ड सेंड कर देना।
सुनील एटीएम का पासवर्ड लिखकर उसी नंबर पर फारवर्ड कर दिया। जिससे मैसेज आया था। कुछ देर बाद सुनील के खाते से दो बार में 8990 और 9 हजार रुपये की निकलने का मैसेज आया। सुनील नंबर पढ़कर हैरान रह गए। तत्काल बैंक पहुंचे। पता चला कि उनके खाते से ऑन लाइन शापिंग हुई है। तब वह सिविल लाइंस थाने पहुंचे। लेकिन सिविल लाइंस पुलिस ने यह कहकर पल्ला झाड़ लिया कि उनका खाता भरवारी कौशांबी शाखा में है। इसलिए एफआईआर भी वहीं होगी। वहीं इंस्पेक्टर सिविल लाइंस ने घटना की जानकारी होने से इंकार किया है।