कानपुर। जाजमऊ सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट के संविदा कर्मी संतोष कुमार के बेटे
साहिल (5) का शव सोमवार को परिसर में ही खुले नाले में मिला। साहिल रविवार
शाम से लापता था। परिजनों और पुलिस का मानना है कि खेलते वक्त साहिल नाले
में गिरा है।
परिवार वालों ने शव का पोस्टमार्टम कराने से इनकार कर लिया। इस पर पुलिस ने पंचनामा करके शव परिजनों को सौंप दिया।
संतोष
कुमार वाजिदपुर सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट में संविदा पर चतुर्थ श्रेणी कर्मी
है। वह परिवार के साथ परिसर में ही अस्थायी घर बनाकर रहते हैं। इनके पांच
बच्चों में सबसे छोटा बेटा साहिल (5) वाजिदपुर के ही प्राथमिक विद्यालय में
दूसरी कक्षा का छात्र था।
संतोष ने बताया कि रविवार शाम करीब पौने चार
बजे खेलने जाने की बात कहकर घर से निकला था। इसके बाद से उसका कोई पता
नहीं चला। काफी देर तलाशने के बाद संतोष ने रात में ही जाजमऊ पुलिस चौकी
में साहिल के गुम होने की सूचना दी। गुमशुदगी दर्ज कराने के लिए सुबह तहरीर
देने की बात कहकर घर चले आए थे।
संतोष के मुताबिक सोमवार सुबह वह
परिजनों के साथ फिर बेटे को ढूंढने निकले। इस दौरान परिसर में ही खुले नाले
के पास बेटे की एक चप्पल नजर आई। आशंका पर नाले में सीढ़ी लगाकर कुछ लोग
उतरे तो लिंक नाले में साहिल पड़ा था।
उसे नाले से बाहर निकाला गया तो
उसकी सांसें थम चुकी थीं। इधर, साहिल की मौत की खबर सुनते ही परिवार के सभी
लोग नाले के पास पहुंच गए और कोहराम मच गया। सूचना पाकर जाजमऊ चौकी
प्रभारी फोर्स के साथ पहुंचे।
चौकी प्रभारी ने बताया कि संतोष ने किसी
तरह की कार्रवाई से मना किया है। परिवार वालों की गुजारिश पर पंचनामा करके
शव उन्हें सौंप दिया गया है। बकौल चौकी प्रभारी सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट
परिसर में किसी को रहने की अनुमति नहीं है। वह अवैध तरीके से परिसर में रह
रहा है।