स्कूलों में परीक्षाओं का काउंटडाउन शुरू हो गया है। खासकर सीबीएसई बोर्ड परीक्षाओं के लिए खासी तैयारी हो रही है। इसी क्रम में सरकारी व सरकारी सहायता प्राप्त स्कूलों में नौवीं से 12वीं के छात्रों को स्पेशल कोचिंग (रीमेडियल क्लास) के जरिए परीक्षा की तैयारी कराई जाएगी। शीतकालीन अवकाश केदौरान लगने वाली इन कक्षाओं में उन विषयों पर विशेष ध्यान दिया जाएगा, जिनमें छात्र अक्सर कमजोर होते हैं।
सरकारी व सरकारी सहायता प्राप्त स्कूलों के प्राइमरी कक्षाओं में शीतकालीन अवकाश 25 दिसंबर से 15 जनवरी तक होगा। जबकि छठी से 12वीं कक्षाओं के अवकाश 31 दिसंबर से 15 जनवरी तक होंगे। इस दौरान परीक्षा की तैयारी कराने के लिए रीमेडियल कक्षाएं लगाई जाएंगी। 12वीं केसभी विषयों के बच्चों के लिए इन कक्षाओं की शुरुआत 31 दिसंबर से होगी, जो 12 जनवरी तक चलेगी। स्कूल प्रमुख चाहें, तो अन्य कक्षाओं की भी विषयवार इसी तरह की कक्षाएं लगा सकते हैं। शिक्षा निदेशालय ने इन कक्षाओं के लिए छात्रों की उपस्थिति को अनिवार्य बनाया है, जिसे छात्रों के पूरे वर्ष की उपस्थिति में जोड़ा जाएगा।
अतिरिक्त शिक्षा निदेशक सुनीता कौशिक के मुताबिक, स्कूलों को प्रतिदिन तीन विषयों की तीन कक्षाएं लगानी होंगी, जिनकी समयावधि एक घंटे की होगी। सुुबह की पाली में 9:30-12:30 व शाम की पाली में दोपहर 1:00 से शाम 4:00 बजे तक कक्षाएं चलेंगी। निदेशालय चाहता है कि प्रत्येक स्तर पर बच्चों के नतीजों में सुधार हो। इन कक्षाओं में शिक्षकों को अतिरिक्त सहायक सामग्री का प्रयोग भी करना होगा। छात्रों को भी अतिरिक्त सहायक सामग्री का प्रयोग कर अभ्यास के लिए मूल्य आधारित प्रश्न तैयार करने होंगे।