राजधानी देहरादून में पब्लिक स्कूलों की मनमानी बच्चों के लिए परेशानी का सबब बन गई है। कमाई के चक्कर में स्कूल बच्चों को फेल कर रहे हैं।
इससे बच्चे डिप्रेशन का शिकार हो रहे हैं। फेल होने से निराश एक छात्रा तो आत्महत्या का प्रयास भी कर चुकी है। तमाम शिकायतों के बावजूद शासन और जिला प्रशासन, शिक्षा विभाग, सीबीएसई और आईएससीई बोर्ड कुछ भी करने के लिए तैयार नहीं हैं।
11वीं में फेल कर दिया गया
बच्चे परेशान हैं और अभिभावक लुट रहे हैं लेकिन जिन पर स्कूलों की मनमानी रोकने की जिम्मेदारी है वह खामोश हैं।
समरवैली स्कूल के एक अभिभावक ने बताया कि उनकी बेटी को पासिंग मार्क्स होने के बावजूद 11वीं में फेल कर दिया गया है।
इस वजह से बेटी सदमे में है और एक बार आत्महत्या का प्रयास कर चुकी है। लेकिन स्कूल प्रबंधन कुछ सुनने को तैयार नहीं है। न कॉपी दिखा रहा है न ही रि-टेस्ट कराने को राजी है।
किताबें केवल एक ही बुक स्टोर पर मिलेंगी
एक अन्य अभिभावक ने बताया कि रायपुर रोड स्थित सनराइज एकेडमी में बैनर लगाया गया है, जिस पर लिखा है कि बच्चों की किताबें केवल एक विशेष बुक स्टोर पर ही मिल सकती हैं।
जबकि स्कूल इस तरह बुक स्टोर का नाम तय नहीं कर सकता। यही नहीं स्कूलों में एनसीआरटी की किताबें चलनी चाहिए। जो सस्ती भी होती हैं और निजी पब्लिशरों से बेहतर भी होती हैं।
एक अभिभावक ने बताया कि ग्रेस एकेडमी में 11वीं के 18 छात्र गणित में फेल कर दिए गए हैं। अभिभावक के अनुसार गणित का पेपर आईआईटी जैसा कठिन था। स्कूल इस मामले में कुछ भी सुनने के लिए तैयार नहीं है।
अधिकारी दे रहे अनोखे जवाब
एक अभिभावक ने बताया कि शिकायत करने पर शिक्षा विभाग के अधिकारी अजीब जवाब दे रहे हैं। उन्होंने एक अधिकारी को समस्या बताई तो वे बोले ‘प्राइवेट स्कूल में तो ऐसा शोषण होगा ही। बचना है तो बच्चे का सरकारी स्कूल में दाखिला कराओ’।
एक अन्य अधिकारी को फोन किया तो जवाब मिला कि वे हर वक्त उनके लिए खाली नहीं बैठे हैं। हालांकि दो दिन पहले ही मुख्य शिक्षा अधिकारी एसपी खाली ने अधिकारियों को अभिभावकों की शिकायतों को गंभीरता से लेने का निर्देश दिया था।
हमसे साझा करें अपना दर्द
यदि पब्लिक स्कूलों की मनमानी से आप परेशान हैं तो अपनी शिकायत हमसे साझा कर सकते हैं। हमारे हेल्पलाइन नंबर 8392922180 पर सुबह 11 बजे से दोपहर 1 बजे तक आप कॉल कर सकते हैं। आपकी पहचान छिपाकर रखी जाएगी। इसके अलावा हमारे ईमेल आईडी editor@ddn.amarujala.com पर भी शिकायत भेज सकते हैं।
रि-टेस्ट पर एनएसयूआई सख्त
सातवीं और आठवीं में छात्रों को फेल कर रि-टेस्ट के मामले में एनएसयूआई ने जसवंत माडर्न एकेडमी के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। कार्यकर्ताओं ने चेतावनी दी है कि यदि बुधवार को रि-टेस्ट हुआ तो तोड़फोड़ के लिए स्कूल प्रबंधन खुद जिम्मेदार होगा।
शिक्षा विभाग के हेल्पलाइन नंबर
कंट्रोल रूम : 01352789841
मुख्य शिक्षा अधिकारी : 9412119838
जिला शिक्षा अधिकारी माध्यमिक : 9412029599
जिला शिक्षा अधिकारी प्राथमिक शिक्षा : 9412141838
जिला समन्वयक आरटीई : 8171034817