न्यू कंपनीज एक्ट-2013 आने के बाद कंपनी सेक्रेटरी को ज्यादा सावधान रहने की जरूरत है।
मंगलवार को नए एक्ट की बारीकियों की जानकारी देने के लिए एक सेमिनार का आयोजन आईसीएसआई के गोमती नगर स्थित कार्यालय में किया गया।
इसके मुख्य अतिथि रजिस्ट्रार ऑफ कंपनीज कानपुर एसपी कुमार थे। अलग-अलग संस्थानों से आए कंपनी सेक्रेटरी को उन्होंने बताया कि नया एक्ट आने से जिम्मेदारी बढ़ी है।
ऐसे में कंपनी सेक्रेटरी को उपलब्ध दस्तावेज और साक्ष्यों को ज्यादा सावधानी के साथ मॉनिटरिंग करनी होगी। इन्हें रजिस्ट्रार ऑफ कंपनीज को भेजने से पहले सही के लिए निश्चित भी हो जाना होगा।
इसके अलावा प्रमोटर्स के दस्तावेज की छानबीन, क्लाइंट्स के दस्तावेज को अपनी पूरी क्षमता से देख लेना होगा। उन्होंने उन कंपनियों के प्रतिनिधियों को जरूरी निर्देश भी दिए।
जिससे वह सही तरीके से अपने संस्थान को बंद कर सकें। उन्होंने बताया कि नए कानून में कंपनी के नाम सुरक्षित रखने की व्यवस्था की गई है। इसमें रजिस्ट्रार ऑफ कंपनीज की अनुमति लेनी होगी।