कॉलेजों की सीटें फुल होने पर भी छात्रों को दाखिला मिलेगा। बस आपका नंबर उस कॉलेज की कटऑफ में आना चाहिए और दाखिला निर्धारित समय के भीतर लिया जाए।
दूसरी कटऑफ में भी कई कॉलेजों में सीटें फुल हो गई हैं, फिर भी तय सीटों से ज्यादा दाखिला लेना पड़ रहा है क्योंकि वह मना नहीं कर सकते।
श्रीराम कॉलेज ऑफ कॉमर्स में ईको ऑनर्स में 123 सीटें हैं, लेकिन कोर्स के लिए 144 दाखिले हो चुके हैं। इसी तरह बीकॉम ऑनर्स की 501 सीटों पर 567 दाखिले हो चुके हैं, लेकिन अगर कोई सोमवार को भी दूसरी कटऑफ के लिए दाखिला लेने आता है तो कॉलेज उसे मना नहीं कर सकता।
इसी तरह रामजस कॉलेज में भी तय सीटों से ज्यादा दाखिले हो चुके हैं। दरअसल जब कॉलेज अपनी विषयवार कटऑफ जारी करता है तो उस समय उस लिस्ट में जिन आवेदकों का नंबर आता है, वह दाखिले के लिए योग्य होते हैं।
ऐसे छात्र तय समय में दाखिला ले सकते हैं। फिर चाहे संबंधित कोर्स की सीटें भर ही क्यों न गई हों। दूसरी कटऑफ में कई कॉलेजों की सीटें प्रमुख कोर्स में तय सीटों से अधिक दाखिले हो चुके हैं, लेकिन अगर कोई छात्र सोमवार को दाखिला लेने पहुंचेगा तो कॉलेज उसे लौटा नहीं सकते।