काउंसिल फॉर द इंडियन स्कूल सर्टिफिकेट एग्जामिनेशन (सीआईएससीई) के स्कूलों में पढ़ने वाले छात्रों को इस बार 12वीं (आईएससी) से पार पाना मुश्किल होने जा रहा है।
काउंसिल ने 2016 की परीक्षाओं के लिए 12वीं का पैटर्न चेंज कर दिया है। इस बदलाव के तहत अब थ्योरी का पेपर ज्यादा अंकों का होगा, जबकि प्रैक्टिकल का एग्जाम कम अंकों का होगा।
आईसीएसई के चीफ एग्जीक्यूटिव एवं सेक्रेटरी गैरी अराथून के मुताबिक, देश के कई विश्वविद्यालयों में 50 अंकों की थ्योरी और 50 अंकों के प्रैक्टिकल की वजह से 12वीं के बाद दाखिले की समस्या आती है। इस वजह से अब चार विषयों का पेपर पैटर्न चेंज कर दिया गया है।
इन विषयों का बदला पैटर्न
कंप्यूटर साइंस, फिजिकल एजुकेशन, फैशन डिजाइनिंग और म्यूजिक (हिंदुस्तानी, कार्नेटिक, वेस्टर्न) के पेपर का पैटर्न बदला गया है। उन्होंने बताया कि पहले जहां इन सभी विषयों में थ्योरी और प्रैक्टिकल के अंकों का अनुपात 50-50 का होता था, वहीं अब यह बदलकर 70-30 कर दिया गया है।
इन चारों विषयों में छात्रों को 70 अंकों का थ्योरी एग्जाम और 30 अंकों का प्रैक्टिकल एग्जाम होगा। पैटर्न का यह बदलाव वर्ष 2016 की परीक्षाओं से लागू होगा।
20 अंकों के लघु प्रश्न
प्रत्येक थ्योरी विषय में छात्रों के लिए राहत वाली बात यह होगी कि 70 में से 20 अंकों के शॉर्ट आंसर टाइप प्रश्न पूछे जाएंगे। इससे छात्रों के लिए मार्क्स मेकिंग आसान हो जाएगी। आईसीएसई एग्जाम एक्सपर्ट डॉ. एम सिंघल के मुताबिक निश्चित तौर पर यह जरा मुश्किल होगा, लेकिन छात्रों की तैयारी इसमें बेहतर अंक दिला सकती है।