फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कॉलेजों में दाखिला चाहिए तो जल्दी करें, मौका छूट न जाए

Thu, 26 Jun 2014 01:49 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
विज्ञापन
विज्ञापन
ग्रेजुएट स्तर पर अब इंजीनियरिंग और मैनेजमेंट नहीं बीएससी नॉन मेडिकल साइंस स्टूडेंट्स की पहली पसंद बन रहा है। शहर के सरकारी और निजी कॉलेजों में 2014 सत्र के लिए बीएससी नॉन मेडिकल की सबसे अधिक डिमांड है।
विज्ञापन


आवेदन की आखिरी तारीख से पहले ही नॉन मेडिकल की कुल सीटों से 8 से 10 गुणा आवेदन फार्म जमा हो चुके हैं। सरकारी कालेज में 27 जून और निजी कॉलेज में पांच जुलाई तक आवेदन जमा होंगे।

सेक्टर-10 डीएवी कॉलेज के डीन एडमीशन प्रो. अरुण अग्रवाल ने बताया कि बीएससी नॉन मेडिकल के लिए कॉलेज में सबसे अधिक आवेदन आए हैं।

पांच फीसदी तक बढ़ सकती है कट ऑफ

पिछले साल ही नॉन मेडिकल की कट ऑफ 78 फीसदी रही है। इस साल कट ऑफ 82 से 85 फीसदी रहने की उम्मीद है। सरकारी कॉलेज में बीएससी नॉन मेडिकल के लिए जीसी-11 में करीब 200 सीट के लिए रिकार्ड 1428 आवेदन पहुंच चुके हैं।

जीसीजी-42 के प्रो. दलीप कुमार ने कहा कि पिछले दो साल से लगातार साइंस स्ट्रीम की मांग बढ़ी है। जीसी-11 और जीसीसी-42 में बीबीए की 120 सीटों के लिए 800 और चार सरकारी कॉलेज में बीसीए की कुल सीटों के लिए 884 आवेदन आ चुके हैं।

बीबीए की सेंट्रलाइज्ड काउंसिलिंग गवर्नमेंट कामर्स कॉलेज-42 और बीसीए की काउंसिलिंग की जिम्मेदारी सेक्टर-46 गवर्नमेंट कॉलेज को सौंपी गई है।

बीएससी नॉन मेडिकल के लिए अभी तक आए आवेदन

कॉलेज---------आए आवेदन
जीसी 11---------1428
जीसीजी 11-------1330
जीसीजी 42-------1024

आर्ट्स के लिए आवेदन  
जीसी 11---------2060
जीसीजी 11------1640
जीसीजी 42-------1165
विज्ञापन

आवेदन के लिए दो दिन बचे

शहर के पांच सरकारी कॉलेज और सेक्टर-32 स्थित रीजनल इंस्टीट्यूट में दाखिले के लिए 27 जून तक ऑनलाइन आवेदन होगा। बुधवार सभी सरकारी कॉलेजों में करीब 12 हजार सीटों के लिए 19 हजार से अधिक ने आवेदन किया है।

कुल आवेदन- 19150
जीसी-11----------5625
जीसीजी-11-------4709
जीसीजी-42-------4420
जीसी-46---------2740
जीसीसी-42-------162
आरआईई-32-------32
 
एक्सपर्ट कमेंट
युवाओं में फिर से कनवेंशनल साइंस की तरफ रुझान बढ़ रहा है। बायोलॉजी या इंजीनियरिंग जैसे क्षेत्रों में अब नौकरी के ज्यादा अवसर नहीं दिखते। बीएससी नॉन मेडिकल के बाद विद्यार्थियों के लिए स्कूल, कॉलेज में टीचिंग, रिसर्च, फार्मास्युटिकल जैसे कई क्षेत्रों में रोजगार के बेहतर मौके हैं। दो साल से नॉन मेडिकल का क्रेज काफी बढ़ गया है। सीमित सीटों के कारण कट ऑफ भी 70 से 80 फीसदी पहुंच जाती है।
-डॉ. अनुराधा शर्मा, एसोसिएट प्रोफेसर केमिस्ट्री विभाग, जीसी-11
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें