रूसा के खिलाफ और इसे रोल बैक कर पुराने सिस्टम से यूजी डिग्री की पढ़ाई की मांग को लेकर चलाए जा रहे प्रदेश व्यापी आंदोलन के तहत एबीवीपी ने मंगलवार को प्रदेश भर के कालेजों में सांकेतिक भूख हड़ताल की।
राजधानी के कालेजों में भी एबीवीपी इकाईयों ने राज्य इकाई के आवाहन पर अनशन किया, और रूसा का पूरजोर विरोध कर इसे छात्र विरोधी करार दिया।
एबीवीपी के प्रदेश सहमंत्री प्रवीण शर्मा ने कहा कि एबीवीपी शुरू से यूजी कक्षाओं में रूसा को लागू किए जाने का विरोध कर रही है। इसके खिलाफ चलाए गए आंदोलन के तहत एबवीपी ने विधायकों और सांसदों के माध्यम से 15 जुलाई को मांग पत्र सरकार को सौंपे और परिसरों में सांकेतिक भूख हड़ताल शुरू की।
15 को शुरू की गई यह भूख हड़ताल 16 जुलाई को समाप्त होगी। उन्होंने कहा कि राजधानी के आरकेएमवी, संजौली, कोटशेरा सहित जिला शिमला के रोहड़ू, सीमा, ठियोग, सोलन, नाहन, पावंटा साहिब, ऊना, बटोली, धर्मशाला, चंबा, हमीरपुर, मंडी, सुंदरनर, कुल्लू सहित पूरे प्रदेश भर के कालेजों में सांके तिक भूख हड़ताल शुरू की गई।
उन्होंने कहा कि यह सांकेतिक भूख हड़ताल कालेज प्रशासन और प्रदेश सरकार को चेतावनी है कि यदि रूसा वापस न लिया गया और प्रदेश के हजारों छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करना बंद न किया गया, तो आने वाले समय में आंदोलन और उग्र होगा। आने वाले समय में प्रदेश भर में आम छात्रों को साथ लेकर रूसा को वापस करने को लेकर उग्र आंदोलन खड़ा किया जाएगा।