सरकारी स्कूलों में छात्रवृत्ति प्राप्त करने वाले सभी अनुसूचित, पिछड़ा वर्ग ए और बीपीएल परिवारों के छात्र-छात्राओं को आधार कार्ड बनवाना अनिवार्य होगा। इन सभी विद्यार्थियों के नए आवेदन-पत्रों में आधार कार्ड का नंबर देना आवश्यक हो गया है।
उपायुक्त डॉ. साकेत कुमार ने यह जानकारी देते हुए बताया कि शिक्षा महानिदेशालय के निर्देशानुसार सभी सरकारी स्कूलों में वार्षिक व मासिक छात्रवृत्ति प्राप्त करने वाले विद्यार्थी का आधार कार्ड होना जरूरी है। निदेशालय द्वारा अब छात्रवृत्ति के जो आवेदन मांगे गए हैं, उनमें विद्यार्थी का आधार कार्ड नंबर देना अनिवार्य कर दिया गया है।
इन विद्यार्थियों के आधार कार्ड नंबर फीड कर सभी आवेदन दिसंबर माह के अंत तक मुख्यालय भिजवाएं जाने हैं। उन्होंने सरकारी स्कूलों के प्राचार्यों एवं मुख्य अध्यापकों से इस संदर्भ में अभिभावकों को जागरूक करने और बच्चों के जल्दी से जल्दी आधार कार्ड बनवाने का आह्वान किया है।
जिला शिक्षा अधिकारी निर्मल श्योराण ने इस बारे में बताया कि केन्द्र व राज्य सरकार की योजनाओं के अनुसार राजकीय विद्यालयों में पहली से 12वीं कक्षा तक के अनुसूचित, बीसी ए व बीपी एल वर्ग के छात्र-छात्राओं को छात्रवृत्ति दी जा रही है।
उन्होंने बताया कि जिले के सरकारी स्कूलों में अनुसूचित वर्ग के पहली से 8वीं कक्षा तक के 27,575 लड़के, 27,094 लड़कियां, बीपीएल परिवारों के 3721 लड़के, 4513 लड़कियां तथा पिछड़ा वर्ग ए के 15084 लड़के और 16687 लड़कियां मौजूद हैं।
इसी प्रकार 9वीं से 12वीं कक्षा तक अनुसूचित वर्ग के 10632 लड़के व 10401 लड़कियां, बीसी ए वर्ग के 6421 लड़के व 7492 लड़कियां और बीपीएल 1800 लड़के व 2269 लड़कियां इन स्कूलों में शिक्षा ग्रहण कर रही हैं।