स्कूलों में टीचरों की कमी दूर करने के लिए रेगुलर भर्ती कमेटी बनाई गई है। राज्य में 14 हजार टीचर भर्ती करने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है।
यह जानकारी शिक्षामंत्री सिकंदर सिंह मलूका ने वीरवार को दी। वह रयात बाहरा कॉलेज में आयोजित पंजाब राज्य स्टूडेंट साइंस प्रदर्शनी के समापन समारोह में पहुंचे थे।
उन्होंने बताया कि हाल में हुए सर्वे के मुताबिक, मिड डे मील स्कूल में बच्चों को साफ खाना मुहैया कराने में पंजाब देश में दूसरे स्थान पर है।
ठेकेदारों द्वारा मुहैया कराए जा रहे खाने की समय-समय पर चेकिंग की जाती है। अब तक वह खुद सौ स्कूलों में चेकिंग कर चुके हैं। अगर, कहीं भी लापरवाही मिली तो उस कंपनी का ठेका रद्द कर दिया जाएगा।
क्लर्कों को टीचर बनाए जाने के सवाल पर उन्होंने कहा कि एक हफ्ते में नियुक्ति पत्र जारी कर दिए जाएंगे। उन्होंने कहा राज्य के सभी मिडिल, हाई व सीनियर सेकेंडरी स्कूलों में साइंस लैब स्थापित की जाएंगी।
जिन्हें आधुनिक साजो-सामान से लैस किया जाएगा। मलूका ने कहा कि सभी जिलों में ऐसी साइंस प्रदर्शनी आयोजित की जाएंगी, ताकि इस विषय की पढ़ाई का स्तर ऊंचा हो सके।
इन प्रदर्शनी में खेतीबाड़ी व उद्योगों से जुड़े लोगों को भी बुलाया जाएगा, ताकि वे भी इसका लाभ उठा सकें। उन्होंने प्रदर्शनी का मुआयना करने के बाद विजेताओं को ईनाम बांटें।
साथ ही डीईओ सेकेंडरी दफ्तर की वेबसाइट भी लॉन्च की। राज्य साइंस शिक्षा संस्था के डायरेक्टर रोशन सूद ने बताया कि प्रदर्शनी को तीन हजार स्टूडेंट्स ने देखा। इससे पहले रयात बाहरा की कैंपस डायरेक्टर ईनू रिहानी ने शिक्षामंत्री का स्वागत किया।
इस मौके अजमेर सिंह खेड़ा, चरनजीत सिंह कालेवाल, हरपाल सिंह, डीपीआई दर्शन कौर, रयात बाहरा के चेयरमैन गुरविंदर बाहरा भी मौजूद थे।