रुपये की ऐतिहासिक गिरावट ने घरेलू शेयर बाजारों को भी गिरावट में धकेल दिया।
अंतिम घंटे के कारोबार में बंबई शेयर बाजार का संवेदी सूचकांक सेंसेक्स 77 अंक गिरकर 18,552.12 पर और नेशनल स्टाक एक्सचेंज का निफ्टी 20.40 अंक नीचे 5,588.70 पर बंद हुआ। इसी तरह, एमसीएक्स-एसएक्स का एसएक्स 40 भी 49.23 अंक कमजोर होकर 11,048.71 पर रह गया।
बीएसई समूह में तेल एवं गैस, पीएसयू, रीयल्टी, बैंकिंग, हेल्थकेयर, सीडी, कैपिटल गुड्स और मेटल वर्ग में बिकवाली देखी गई जबकि आईटी, पावर, एफएमसीजी और टेक वर्ग में लिवाली का रुख रहा।
बीएसई में कुल 2,456 कंपनियों के शेयरों में कारोबार हुआ। इसमें से 952 लाभ में और 1,360 नुकसान में रहीं बाकी 144 में कोई बदलाव नहीं हुआ।
विदेशी बाजारों की हालत लगातार दूसरे दिन भी बेहतर रही। यूरोप का एफटीएसई 1.05 फीसदी ऊपर रहा। एशियाई बाजारों में मिलाजुला रुझान देखा गया। चीन का शंघाई कंपोजिट 0.41 फीसदी और जापान का निक्केई 1.04 फीसदी नीचे रहा।
सेंसेक्स में मजबूती पर टिकने वाले शेयरों में हीरो मोटाकार्प, टीसीएस, गेल, मारुति सुजुकी, टाटा पावर, हिंदुस्तान यूनि और स्टरलाइट के शेयर 0.06 से लेकर 3.89 फीसदी तक के लाभ में रहे।
नुकसान पर रहने वालों में भारती एयरटेल, महिंद्रा, टाटा मोटर्स, जिंदल स्टील, हिंडाल्को कोल इंडिया, एचडीएफसी बैंक, एलएंडटी, एचडीएफसी, सन फार्मा, ओएनजीसी, एसबीआई, टाटा स्टील, आईसीआईसीआई बैंक, डॉ. रेड्डीज लैब, बजाज ऑटो, आरआईएल और सिप्ला 0.09 से लेकर 5.74 फीसदी के घाटे में रही।