किंगफिशर को कर्ज देने वाले 17 बैंकों के कंसोर्टियम के प्रमुख बैंकर स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (एसबीआई) ने एयरलाइंस की कुछ संपत्तियों को कुर्क करने के लिए चिह्नित किया है। एसबीआई के प्रबंध निदेशक व समूह कार्यकारी (नेशनल बैंकिंग) ए. कृष्णकुमार ने बताया कि दिये कर्ज की रिकवरी के प्रयास किए जा रहे हैं। बैंक की ओर से पहले ही कुछ संपत्तियों की पहचान कुर्क करने के लिए की जा चुकी है।
कंपनी की संपत्ति का पता लगाने के लिए चार बैंकों के अधिकारियों को लेकर एक उप-समिति गठित की गई है। उप-समिति इस संबंध में आवश्यक कानूनी सलाह भी लेगी। गत वर्ष यह जानकारी सामने आई थी कि किंगफिशर को दिए करीब 7,500 करोड़ रुपये के कर्ज की रिकवरी की प्रक्रिया के तहत बैंक कंपनी की मुंबई और गोवा स्थित दो संपत्ति बेचने पर विचार कर रहे हैं।
दोनों संपत्ति की कीमत 120 करोड़ रुपये आंकी गई थी। कृष्णकुमार ने यह भी बताया कि एसबीआई सेवा में सुधार लाने के लिए इस साल 1,200 कर्मचारियों की नियुक्ति करेगा और कर्मचारियों को प्रशिक्षण उपलब्ध कराएगा। एसबीआई के करीब 40 फीसदी कर्मचारी तीन से चार साल में सेवानिवृत्त हो जाएंगे।
इसको देखते हुए एसबीआई ने बड़े पैमाने पर नियुक्ति शुरू की है। पिछले पांच साल में 40,000 कर्मचारी क्लर्क, अधिकारी और विशेष अधिकारी नियुक्त किए गए हैं। फिलहाल बैंक के कर्मचारियों की संख्या करीब 2.2 लाख है। एसबीआई के ग्राहकों की संख्या 23 करोड़ से अधिक होने का अनुमान है। साल के अंत तक यह आधार बढ़कर 25 करोड़ हो सकता है।
वित्त मंत्री से मिले विजय माल्या
वित्त मंत्री पी. चिदंबरम के साथ मुलाकात के बाद विजय माल्या ने किंगफिशर को कर्ज देने वाले बैंकों में प्रमुख स्टेट बैंक ऑफ इंडिया की वसूली की तैयारी की खबरों पर पर माल्या ने किसी तरह की जानकारी होने से साफ इनकार किया। बैठक के बाद माल्या ने कहा कि एसबीआई द्वारा किंगफिशर एयरलाइंस की संपत्ति जब्त करने के बारे उन्हें कोई जानकारी नहीं है।
मंगलवार को माल्या ने सौदे से जुड़े मुद्दों पर वित्त मंत्री पी. चिदंबरम के साथ मुलाकात की। यूबी समूह के अध्यक्ष विजय माल्या ने दावा किया है यूनाइटेड स्प्रिट्स और डियाजिओ सौदे को सभी जरूरी मंजूरियां मिल चुकी हैं और यह सौदा पूरी तरह पटरी पर है। जानकारी के अनुसार इस बैठक में माल्या ने यूनाइटेड स्प्रिट्स और डियाजिओ सौदे के अलावा कर्ज के बोझ से डूबी किंगफिशर एयरलाइंस से जुड़े मुद्दों पर भी वित्त मंत्री के सामने अपना पक्ष रखा है।
गौरतलब है कि डियाजिओ द्वारा करीब 11 हजार करोड़ रुपये में यूनाइटेड स्प्रिट्स में 53.4 फीसदी हिस्सेदारी खरीदने के सौदे पर कॉम्पीटिशन कमीशन (सीसीआई) और सेबी ने कई तरह के सवाल खड़े किए थे। गत 26 फरवरी को सीसीआई की हरी झंडी के बाद इस सौदे को जल्द ही सेबी की मंजूरी भी मिल सकती है।