भारतीय रिजर्व बैंक(आरबीआई) ने होम, कार और एजुकेशन लोन लेन वालों की उम्मीदों को एक बार फिर से ध्वस्त कर दिया है।
दिवाली से पहले मौद्रिक नीति की समीक्षा करते हुए आरबीआई ने रेपो रेट में 0.25 फीसदी की बढ़ोतरी करने का फैसला किया।
आरबीआई के इस फैसले से होम, कार और एजुकेशन लोन, तीनों महंगे हो सकते हैं। आरबीआई के इस ऐलान के बाद जल्द ही सभी बैंक होम लोन, कार लोन और एजुकेशन लोन की ब्याज दरों में बढ़ोतरी करने का फैसला कर सकते हैं।
आरबीआई के निर्णय के बाद रेपो रेट बढ़कर 7.75 फीसदी हो जाएगी, जो पहले 7.50 फीसदी के स्तर पर थी।
इसके अलावा नकद आरक्षी अनुपात (सीआरआर) 4 फीसदी रहेगा, जबकि बैंकों को कर्ज की सहूलियत कम करते हुए एमएसएफ को 8.75 फीसदी से घटाकर 8.50 फीसदी कर दिया गया है। 19 सितंबर को आरबीआई ने एमएसएफ में बढ़ोतरी की थी।
आरबीआई का मानना है कि थोक मूल्य सूचकांक महंगाई दर भी उच्चतम स्तर पर रहेगी। वहीं वित्त वर्ष 2013-14 की दूसरी छमाही में निर्यात और कृषि क्षेत्र में तेजी आने की संभावना है।
आरबीआई ने कहा है कि खुदरा महंगाई दर 9 फीसदी रहने का अनुमान है।