संसद का बजट सत्र आगामी 21 फरवरी से शुरू होकर 10 मई तक चलेगा। संसद में रेल बजट 26 तथा आम बजट 28 फरवरी को पेश किया जाएगा। आर्थिक समीक्षा 27 फरवरी को संसद में प्रस्तुत की जाएगी। बजट सत्र के हंगामेदार रहने के पूरे आसार हैं।
सत्र की शुरुआत राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी के अभिभाषण से होगी। कैबिनेट की संसदीय मामलों की समिति ने शुक्रवार को बजट सत्र की तिथियों को लेकर यह फैसला किया। पहले चरण के बाद 22 मार्च से 22 अप्रैल तक अवकाश रहेगा। इस दौरान संसद की बैठकें नहीं होंगी, लेकिन विभिन्न संसदीय स्थायी समितियां बजट पर चर्चा करेंगी। बजट सत्र को लेकर कैबिनेट की संसदीय मामलों की समिति के इस फैसले पर अंतिम मुहर लगाने के लिए राष्ट्रपति के पास भेज दिया गया है। मंजूरी के बाद इसकी अधिसूचना जारी कर दी जाएगी।
इस सत्र में भी हंगामे के आसार अभी से दिख रहे हैं। डीजल के दामों में बढ़ोतरी पर विपक्ष सरकार को घेरने की तैयारी में है, जबकि गृहमंत्री सुशील कुमार शिंदे के हिंदू आतंकवाद संबंधी बयान पर भाजपा नाराज हैं और शिंदे के इस्तीफे की मांग कर रही है।
इसके अलावा लोकपाल विधेयक में सीबीआई को स्वायत्त संस्था बनाने का प्रस्ताव शामिल नहीं होने से भी विपक्ष सरकार पर हमला करेगी। इसके साथ ही महंगाई, सीमा पर भारतीय जवान कासिर काटे जाने जैसी घटना, नक्सली हिंसा समेत कई मुद्दों पर संसद में हंगामा होने की संभावना है।