ऊर्जा मंत्रालय ने 12500 करोड़ रुपये के 9 प्रोजेक्ट्स की मंजूरी दी है। यह सभी प्रोजेक्ट दो या उससे अधिक राज्यों में बिजली ट्रांसमिशन (पहुंचाने) को मजबूत करने में मददगार साबित होंगे। मंत्रालय के अनुसार इसके जरिए उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़ को प्रमुख रुप से फायदा होगा। प्रोजेक्ट के लिए निजी क्षेत्री की कंपनियां भी आवेदन कर सकेंगी। जिसके लिए टैरिफ आधारित बोली प्रक्रिया अपनाई जाएगी।
तीन साल में 28000 मेगावाट बढ़ाने की योजनामंत्रालय के अनुसार अगले तीन साल में देश में अंतर क्षेत्रीय बिजली ट्रांसमिशन की क्षमता 28000 मेगावाट बढ़ेगी। जिसके जरिए साल 2017 में बिजली ट्रांसमिशन की कुल क्षमता 67000 मेगावाट तक पहुंच जाएगी।
मंजूर प्रोजेक्ट विन्धयाचल-5 से जुड़े सिस्टम, नवेली में स्थित नवेली लिग्नाइट कॉरपोरेशन, हैदराबाद स्थित महेश्वरम प्रोजेक्ट, गादरवारा के दो प्रोजेक्ट, छत्तीसगढ़ के दो प्रोजेक्ट और उत्तरी क्षेत्र के ट्रांसमिशन प्रोजेक्ट शामिल हैं।