देश के निजी क्षेत्र में कर्मचारियों के वेतन में यूं तो औसतन 5 से 14 फीसदी तक की बढ़ोतरी होने की उम्मीद है, पर विशेष रूप से प्रतिभाशाली कर्मचारियों को 20 फीसदी तक की वेतन वृद्धि मिल सकती है। यह अनुमान कर्मचारियों की नियुक्ति संबंधी (स्टाफिंग) फर्म टीमलीज सर्विसेज ने अपनी एक रिपोर्ट में जताया है। नई नौकरियों के मामले में देश में चालू वित्त वर्ष के दौरान 11.3 फीसदी की बढ़ोतरी का अनुमान व्यक्त किया गया है।
टीम लीज की रिपोर्ट के मुताबिक वेतन वृद्धि के मामले में बिजली व ऊर्जा क्षेत्र के सबसे आगे रहने की उम्मीद है। इस सेक्टर के कर्मचारियों के वेतन में औसतन 13.5 फीसदी की बढ़ोतरी इस वर्ष होने का अनुमान है। इसके बाद आईटी और जानकारियां देने वाली सेवाओं (नॉलेज सर्विसेज) में 12 फीसदी की वेतन वृद्धि का अनुमान जताया गया है। इसके अलावा एफएमसीजी, कंस्ट्रक्शन, रीयल एस्टेट, मीडिया व मनोरंजन उद्योग, और रिटेल सेक्टर में भी वेतन वृद्धि का औसत 10 फीसदी से ऊपर रहने की उम्मीद है।
विभिन्न सेक्टरों में पहले से काम कर रहे कर्मचारियों को जहां वेतन में 10 फीसदी से ऊपर की बढ़ोतरी मिलने की उम्मीद है, वहीं सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) क्षेत्र में नवनियुक्त कर्मचारियों को भी इस साल कंपनियों द्वारा अधिक वेतन दिए जाने के आसार हैं। ऐसा खासतौर पर धीरे-धीरे पटरी पर लौट रहे अमेरिका के आईटी सैक्टर में देखने को मिल सकता है।
रिपोर्ट में देश के विभिन्न शहरों में कर्मचारियों के वेतन में बढ़ोतरी का अनुमान भी पेश किया गया है। इस मामले में आईटी हब के रूप में जाना जाने वाला बंगलूरू सबसे ऊपर है। बंगलूरू ने मुंबई और नई दिल्ली को पीछे छोड़ कर यह स्थान प्राप्त किया है। बंगलूरू 15 में से 7 सेक्टरों में वेतन बढ़ोतरी के मामले में अव्वल रहा है। सबसे ज्यादा गिरावट दिल्ली की रैँकिंग में आई, जो दूसरे स्थान से खिसक कर 9वें पायदान पर पहुंच गई।
दिल्ली किसी भी सेक्टर में वेतन वृद्धि के लिहाज पर इस बार टॉप पर नहीं रही, जबकि चंडीगढ़ और अहमदाबाद एक-एक सेक्टर में टॉप पर रहे। रिपोर्ट में एक सकारात्मक बात यह भी सामने आई है कि 15 सेक्टरों में से 10 की हालत में तेजी से सुधार होता दिख रहा है। इन सेक्टरों 8 से 15 फीसदी तक की विकास दर दर्ज की गई है। ऐसा मांग में सुधार और सरकार की ओर से उठाए गए विभिन्न सुधारात्मक कदमों के असर के चलते होता दिख रहा है। इस सुधार के चलते इन सेक्टरों के रोजगार में 11.3 फीसदी की बढ़ोतरी होने की उम्मीद है।