फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मेगा फूड पार्क के लिए खत्म हो सकती है जमीन की शर्त

Wed, 17 Dec 2014 08:51 AM IST
नई दिल्ली/ राजीव कुमार
विज्ञापन
विज्ञापन
सरकार की आर्थिक सहायता से मेगा फूड पार्क की स्थापना के लिए कम से कम 50 एकड़ जमीन की शर्त को समाप्त किया जा सकता है। जमीन की भारी किल्लत को देखते हुए सरकार ऐसा करने जा रही है। जल्द ही इस मामले में खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्रालय की तरफ से कैबिनेट नोट जारी किया जा सकता है।
विज्ञापन


जमीन से जुड़ी शर्त को समाप्त कर खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्रालय मेगा फूड पार्क के लिए नए प्रस्ताव मंगाने पर भी गंभीरता से विचार कर रहा है। पिछले पांच सालों से जारी मेगा फूड पार्क स्कीम के तहत देश भर में 25 पार्क का निर्माण किया जा रहा है। लेकिन इनमें से पांच से भी कम मेगा फूड पार्क का काम पूरा हो पाया है।

मंत्रालय सूत्रों के मुताबिक किसी भी पार्क या औद्योगिक इकाइयों की स्थापना के लिए जमीन का अधिग्रहण बड़ी समस्या है। वर्तमान में मेगा फूड पार्क की स्थापना के लिए 50-100 एकड़ की जमीन शर्त पूरा करने के बाद ही सरकार की तरफ से इस स्कीम के तहत आर्थिक सहायता दी जाती है।
विज्ञापन


सूत्रों के मुताबिक जमीन की शर्त जुड़ने की वजह से कई लोग चाहकर भी मेगा फूड पार्क की स्थापना के लिए आगे नहीं पाएंगे। जमीन की शर्त खत्म होने से जम्मू कश्मीर या अन्य राज्यों में भी छोटी जमीन के दायरे में मेगा फूड पार्क स्थापित करने का काम किया जा सकता है।

मंत्रालय सूत्रों के मुताबिक मेगा फूड पार्क को व्यावहारिक बनाने के लिए जल्द ही कैबिनेट के समक्ष जमीन की शर्त हटाने का प्रस्ताव रखा जा सकता है। मेगा फूड पार्क के तहत खाद्य प्रसंस्करण उद्योग की स्थापना की जाती है जिसके तहत सप्लाई चेन, कलेक्शन सेंटर, प्राइमरी और सेंट्रल प्रोसेसिंग सेंटर, कोल्ड चेन को विकसित करना पड़ता है। एक पार्क में कम से कम 30-35 यूनिट की स्थापना करनी होती है, जिसमें लगभग 250 करोड़ रुपये का निवेश होता है और इस पार्क का सालाना कारोबार 500 करोड़ रुपये तक का हो सकता है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें