सरकार ने डाकघर की छोटी बचत योजनाओं पर मिलने वाली ब्याज दर में चौथाई फीसदी की कटौती कर दी है। अब डाकघरों में एक, दो और तीन साल की टर्म डिपोजिट योजनाओं, किसान विकास पत्र और पांच साल की आवर्ती (रेकरिंग) जमा योजना में 0.25 फीसदी कम ब्याज मिलेगा।
अभी तक अन्य सरकारी प्रतिभूतियों की तुलना में डाकघर में चल रही इन योजनाओं पर 0.25 फीसदी अधिक ब्याज मिलता था। हालांकि मासिक आय योजना (एमआईएस), पीपीएफ, सीनियर सिटीजन सेविंग्स स्कीम और बेटियों के लिए चलाई जाने वाली लंबी अवधि की बचत योजनाओं पर मिलने वाली ब्याज दरें जस की तस हैं।
वित्त मंत्रालय के एक बयान में कहा गया है सरकार ने डाकघरों से चलने वाली इन योजनाओं की ब्याज दरों को अन्य सरकारी बचत योजनाओं की ब्याज दरों के बराबर करने के लिए यह फैसला किया है।