रिजर्व बैंक के निर्देश पर बैंकों द्वारा डॉलर की बिकवाली और कॉरपोरेट पूंजी प्रवाह से शुक्रवार को डॉलर के मुकाबले रुपये में अच्छी रिकवरी देखने को मिली।
पिछले सत्र के मुकाबले रुपया 30 पैसे मजबूत होकर 59.27 रुपये प्रति डॉलर पर बंद हुआ।
वित्त मंत्री पी. चिदंबरम द्वारा रुपये में हाल की गिरावट से नहीं घबराने के आश्वासन का भी सेंटीमेंट पर सकारात्मक असर देखा गया। पिछले सत्र रुपया 60 के करीब 59.57 के रिकॉर्ड निचले स्तर पर रहा था।
मुद्रा बाजार के कारोबारियों का कहना है कि रिजर्व बैंक के निर्देश पर सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों ने रुपये को संभालने के लिए डॉलर की बिक्री की। जियोजित कॉमट्रेड के चीफ करेंसी रणनीतिकार हेमल दोषी का कहना है कि रिजर्व बैंक के हस्तक्षेप के बाद रुपये के सेंटीमेंट में मजबूती आई। यूरोपीय, अमेरिकी और घरेलू बाजारों के प्रदर्शन ने भी घरेलू मुद्रा को संभलने में मदद की।
अंतर बैंकिंग मुद्रा बाजार में रुपये में गिरावट के साथ 59.74 पर कारोबार शुरू हुआ। बीच सत्र में यह 59.80 के निचले और 59.13 के ऊपर में रहा। आखिर में पिछले सत्र के मुकाबले 30 पैसे यानी 0.50 फीसदी मजबूत होकर 59.27 रुपये प्रति डॉलर पर बंद हुआ।