बिहार का मशहूर दूध ब्रांड ‘सुधा’ अब दिल्ली एनसीआर में उपलब्ध होगा। बिहार स्टेट मिल्क कोऑपरेटिव फेडरेशन लिमिटेड (कॉमफेड) ने सोमवार को दिल्लीवासियों के लिए ‘सुधा’ दूध एवं मिठाइयों की बिक्री आरंभ करने की घोषणा की साथ ही, कॉमफेड ने घाटे में चल रही डीएमएस के प्लांट को चलाने और इसके विपणन नेटवर्क को भी इस्तेमाल करने में अपनी रुचि दिखाई है। डीएमएस कृषि मंत्रालय के अधीन है और इसके संयंत्र के इस्तेमाल के लिए अमूल पहले ही अपनी अभिरुचि जाहिर कर चुका है।
50 लाख लीटर प्रति दिन की दैनिक मांग के साथ राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र देश के पैकेट बंद दूध का सबसे बड़ा बाजार है और 2020 तक इसके एक करोड़ लीटर प्रति दिन तक पहुंच जाने का आकलन है । संभावनाएं भरपूर हैं और सुधा ने सही समय पर इस बाजार में प्रवेश किया है।
’सुधा’ ब्रांड के दूध की तीन किस्में आज पेश की गईं सुधा गोल्ड (फुल क्रीम, 6 प्रतिशत फैट), सुधा हेल्दी (टोन्ड, 3 प्रतिशत फैट) और सुधा स्मार्ट (डबल टोन्ड 1.5 प्रतिशत फैट)। दूध की ये तीनों किस्में 1 लीटर और 500 मिलीलीटर के पैकों में उपलब्ध होंगी। इसके अलावा सुधा द्वारा स्वादिष्ट मिठाईयों भी उपलब्ध कराई गईं हैं जिनमें सुधा गुलाबजामुन, सोनपापड़ी, पेड़ा, बालूशाही शामिल हैं। इन्हें तैयार करने में केवल शुद्ध घी का इस्तेमाल किया जाता है। इनके अतिरिक्त शुद्ध सुधा घी भी उपभोक्ताओं के लिए उपलब्ध होगा।
कॉम्फेड के अध्यक्ष शशि शेखर शर्मा ने बताया कि सुधा द्वारा दिल्ली के बाजार में हमारा आगमन एक तार्किक कदम है। सुधा बिहार व झारखंड का सबसे विश्वसनीय ब्रांड है। हमारा संगठन 6.95 लाख दुग्ध उत्पादकों के मजबूत नेटवर्क से रोजाना 13 लाख लीटर दूध संकलित करता है और बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल व उत्तर प्रदेश में पैकेट बंद दूध व मिठाईयों की बिक्री करता है। सुधा असम, ओडिशा, पश्चिम बंगाल, दिल्ली और यहां तक कि नेपाल तक को दूध की आपूर्ति कर रहा है। अमूल, मदर डेयरी और डीएमएस जैसे ब्रांड भी सुधा से दूध खरीदते हैं।