लंबे समय से ब्रिटिश शासक बनने की बाट जोह रहे महारानी एलिजाबेथ के पुत्र प्रिंस चार्ल्स ने पहली बार राजा बनने की अपनी इच्छा का खुले तौर पर इजहार किया है। उन्होंने कहा है कि ‘अब वक्त मेरे हाथ से निकलता जा रहा है’। उनके बयान से साफ है कि वह राजा बनने के लिए काफी उत्सुक हैं। 64 वर्षीय चार्ल्स ने अपने बयान के दौरान इस बात का इशारा किया कि राजा बनने के बाद उसके पास बहुत छोटा कार्यकाल बचेगा।
महारानी एलिजाबेथ द्वितीय के उत्तराधिकारी के रूप में पहले ही वह जीवन के 60 बसंत पार कर चुके हैं। डेली टेलीग्राफ की रिपोर्ट के मुताबिक, डंफ्राइज हाउस के दौरे पर जब उनसे यह सवाल पूछा गया तो उन्होंने बड़े ही मजाकिया लहजे में कहा कि हां मैं इस बात को लेकर निश्चित तौर पर बेसब्र हूं। क्योंकि जल्द ही वक्त मेरे हाथ से निकल जाएगा।
मालूम हो कि प्रिंस चार्ल्स ने 2008 में राजा बनने का सबसे लंबे वक्त तक इंतजार करने का रिकार्ड बनाया था। इससे पहले यह रिकार्ड उनके पर-परदादा एडवर्थ सप्तम के नाम था।
हालांकि शाही सहयोगी जोर देकर यह बात कह रहे हैं कि वह अपने काम और ओहदे को लेकर संतुष्ट हैं, लेकिन आलोचकों का कहना है कि वह राजा नहीं बन पाने के कारण हतोत्साहित हैं। मालूम हो कि ब्रिटिश शाही परिवार में लंबी उम्र तक जीने का रिकार्ड रहा है। उनकी मां महारानी एलिजाबेथ 86 साल की हो चुकी हैं, लेकिन वह आज भी स्वस्थ हैं। जबकि क्वीन मदर और एलिजाबेथ -प्रथम 101 साल की उम्र में मरीं थीं।