इस कहानी को पढ़कर आपको देवानंद की फिल्म हरे राम हरे कृष्णा याद आ जाएगी। फिल्म में जैसे दो भाई-बहनों के बिछड़ने और फिर मिलने की कहानी दिखाई गई है, ये मामला बिल्कुल वैसा ही है।
10न्यूज की खबर के अनुसार, ये दोनों भाई बहन बचपन में ही एक-दूसरे से जुदा हो गए थे। 30 साल तक एक-दूसरे से अलग रहने के बाद भी दोनों के बीच का प्यार कम नहीं हुआ और एक दिन किस्मत को भी इनके आगे झुकना पड़ा।
दिलचस्प बात ये रही कि दोनों भाई बहन नौसेना में थे, फिर भी एक-दूसरे से अनजान थे। कमांडर सिंडी मुरे और चीफ एविएशन ओरडांसमैन रॉबर्ट विलियमसन तीस साल पहले बिछड़ गए थे।
सेंट डियागो में नेवल मेडिकल सेंटर में सीनियर नर्सिंग ऑफिसर की पोस्ट पर तैनात मुरे बताती हैं कि वो पिछले काफी समय से अपने भाई की तलाश कर रही थीं। लेकिन उन्हें बिल्कुल भी उम्मीद नहीं थी कि उनका भाई उन्हें इस तरह मिलेगा।
कुछ ऐसा ही विलियमसन के साथ भी था। उन्होंने भी अपनी बहन से मिलने की उम्मीद छोड़ दी थी। दोनों ने एक-दूसरे को अंतिम बार 1970 में देखा था, जब विलियमसन की उम्र महज 6 साल थी।
दरअसल उसी समय दोनों के मां-बाप एक-दूसरे से अलग हो गए थे। मुरे बताती हैं कि उन्होंने अपने भाई को फेसबुक पर खोजने की कोशिश की लेकिन इस नाम के इतने सारे लोग थे कि वो अपने भाई को पहचान नहीं सकी।
लेकिन मुरे ने हिम्मत नहीं हारी और अपने पिता से संपर्क किया। जिन्होंने उसे बताया कि उसका भाई नेवी में है। उसके बाद मुरे को पता चल गया कि ये शख्स कौन है।
उसके बाद दोनों ने फोन पर बातें की, ईमेल किए क्योंकि उनके पास काफी कुछ था एक-दूरे को बताने के लिए। दिलचस्प बात ये है कि दोनों भाई-बहनों की बहुत सी आदतें एक-दूसरे से मिलती हैं।