तो क्या आप मानेंगे कि एवरेस्ट शिखर भारत में है। शायद नहीं मानें लेकिन पिछले दिनों अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा भी गलती कर बैठी और उसने एवरेस्ट को भारत में मान लिया। खासकर तब जब नासा को पूरे विश्व के ज्योग्राफिकल नक्शे में महारत हासिल है, तब एजेंसी से ऐसी गलती से लोगों को आश्चर्य हो रहा है।
दरअसल यह भारत में कश्मीर के काराकोरम रेंज में सासेर मुजतगढ़ चोटी थी। नासा ने माना है कि उसने भूलवश भारत स्थित एक चोटी को माउंट एवरेस्ट समझ लिया जबकि यह नेपाल एवं चीन की सीमा पर है। नासा ने गुरूवार को इस बात की पुष्टि की कि उससे गलती हो गयी है और उसने वेबसाइट से यह तस्वीर हटा ली।
बताया गया कि एजेंसी ने अपनी वेबसाइट में कहा कि पृथ्वी से 370 किलोमीटर पर ऊंचाई पर अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन से रूसी अंतरिक्षयात्री युरी मालेनचेको द्वारा खींची गई तस्वीर में एवरेस्ट पर हल्की बर्फ है।
यह तस्वीर ट्विटर के माध्यम से फैल गई और दुनियाभर में मीडिया ने उसे हाथोंहाथ लिया। उनमें अमेरिका की पत्रिका द अटलांटिक, खगोल विज्ञान वेबसाइट स्पेस डॉट काम और अमेरिकी केबल न्यूज चैनल एमएसएनबीसी भी शामिल थी।
लेकिन नेपाल के लोगों को कुछ गड़बड़ नजर आई और उन्होंने सोशल मीडिया पर अपना संदेह प्रकट किया। हिमालय के बारे में विशेष जानकारी रखने वाले पत्रकार कुंडा दीक्षित ने ट्विटर पर लिखा, आप लोग माफ करें, लेकिन मध्य में छाया वाला ऊंचा शिखर माउंट एवरेस्ट नहीं है।