भारत में जहां जिंदा होने के लिए सबूत देना पड़ता है वहीं मैनचेस्टर में एक महिला को अपने पिता के मरने का सबूत बैंक को देना पड़ा।
टेलीग्राफ के अनुसार 31 साल की सैबोन पीयर अपने पिता की अस्थियां लेकर बैंक पहुंच गई ताकि पिता की मृत्यु का सबूत दे बैंक अधिकारियों को सके।
पीयर के पिता की अक्तूबर में बोन कैंसर से मौत हो गई थी। पिता का अकाउंट रॉयल बैंक ऑफ स्कॉटलैंड में था। मौत के बाद से पीयर के पास बैंक से लैटर पहुंचने लगे जिसमें कहा गया था कि अकाउंटधारक पर 6 डॉलर का कर्ज है।
पीयर ने बैंक को लिखा कि उसके पिता की मौत हो चुकी है और उनका अकाउंट बंद कर दिया जाए। साथ ही पीयर ने पिता का मृत्यु प्रमाणपत्र भी बैंक को भेज दिया। लेकिन बैंक अधिकारियों ने ओरिजिनल सर्टिफिकेट भेजने की बात करते हुए लैटर भेजने जारी रखे।
पिछले दिनों जब अकाउंट पर देनदारी का ब्याज बढ़कर 625 डॉलर हो गया तो पीयर का धैर्य जवाब दे गया।
पीयर डैवनपोर्ट स्थित बैंक की स्थानीय शाखा में पहुंची और एक डिब्बा बैंक के काउंटर पर रख दिया। बैंक अधिकारी ये देख कर भौंचक रह गए कि डिब्बे में पीयर के पिता की अस्थियां थी।
पीयर ने कहा कि वो अपने पिता को बैंक ले आई हैं। बैंक को जो भी हिसाब करना है, पिता से निपटा लें।
पीयर का कहना है कि मृत्यु प्रमाण पत्र की कॉपी भेजने के बाद बैंक को हिसाब कर लेना चाहिए था। लेकिन बैंक का रवैया आपत्तिजनक था इसलिए उन्हें ऐसा कदम उठाना पड़ा।