कभी भी रोने पर दोनों भाई-बहन के आंसू न निकलने पर न सिर्फ उनकी मां को बल्कि उन्हें खुद भी बड़ी हैरानी होती थी।
आंसू न निकलने की शिकायत को लेकर जब दोनों की मम्मी डॉक्टर के पास गई तो डॉक्टर ने जांच करने के बाद सबकुछ ठीक बताया।
बच्चों के साथ घटने वाली इस घटना पर अभी मां के हैरत में रहने का सिलसिला चल ही रहा था कि तभी उसे एक नया झटका मिला।
अचानक पड़ने लगे काले
कुछ ही महीनों बाद दोनों भाई-बहन का रंग अचानक दबने लगा। दोनों ही गोरे थे लेकिन अचानक से ऐसा वक्त आया जब दोनों धीरे-धीरे काले होने लगे।
यहीं नहीं उनकी जीभ भी काली पड़ने लगी। भाई की उम्र अभी डेढ़ साल है और बहन महज पांच साल की है।
डॉक्टरों को भी जब बच्चों के साथ घटते इस मुसीबत की वजह का पता नहीं लग पाया तो उन्होंने बच्चों के जीन को जांच के लिए अमेरिका भेज दिया।
जीन में गड़बड़ी है वजह
जीन को आगे की जांच के लिए अमेरिका भेज दिया गया है। लेकिन बच्चों का इलाज कर रहे डॉक्टरों का कहना है ये एक बड़ी दुर्लभ बीमारी है।
जब माता-पिता में एक-एक जीन की गड़बड़ी होती है तो बच्चे में भी यह जीन स्थानांतरित होने की संभावना 25 फीसदी बढ़ जाती है।
डॉक्टरों ने बताया कि जीन में गड़बड़ी की वजह से कॉरटिसॉल हॉरमोंस बनना बंद हो गया।
बच्ची के इलाज में देरी हो गई इसलिए उसका रंग काला पड़ गया जबकि बेटे की बीमारी का पता सही समय पर लग गया।
बच्चे हो जाएंगे ठीक
इस बीमारी से कमजोरी व भूख न लगने की समस्या भी शुरू हो जाती है और ब्लड प्रेशर नियंत्रण में रखना भी मुश्किल हो जाता है।
डॉक्टरों ने बताया है दोनों भाई-बहन पूरी तरह से ठीक हो जाएंगे लेकिन जीवन भर दवा खानी होगी और कृत्रिम आंसू के लिए आई ड्रॉप डालनी होगी। मामला नई दिल्ली का है।
आपको बता दें कि हमारे देश में ऐसे 8-10 जबकि विश्व में 80-100 मामले हैं।
कंप्यूटर ने बनाया बेवकूफ, मैसेज को सच समझ कर लिया सुसाइड!
ये क्या! चल रहा था पीरियड पेन, लेकिन हो गया बच्चा