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वाह रे समाज, 90 का दूल्हा, 15 की दुल्हनियां

Tue, 08 Jan 2013 10:05 AM IST
दुबई।
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शादी ब्याह भगवान की मरजी से होते हैं। लेकिन बेमेल विवाह भी बिना मरजी के होते हैं। ऐसा ही एक बेमेल विवाह सऊदी अरब में हुआ है जहां 90 साल के एक शख्स ने भारी भरकम मेहर देकर 15 साल की लड़की से कथित तौर पर उसकी मर्जी के बिना शादी की है। पोती की उम्र की लड़की से शादी करने पर बुजुर्ग को भले ही कोई आपत्ति नहीं है लेकिन कहा जा रहा है कि लड़की को इस शादी से परहेज था लेकिन उसकी बात नहीं सुनी गई।
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मानवाधिकार कार्यकर्ताओं और सोशल मीडिया पर सक्रिय लोगों ने इस बेमेल शादी की व्यापक आलोचना की है। अल-अरबिया की खबर के अनुसार सहमी लड़की ने बुजुर्ग पति को दो दिन तक अपने कमरे में नहीं आने दिया और उसके बाद अपने माता-पिता के घर चली गयी।

लेकिन बुजुर्ग का कहना है कि उनकी शादी वैध और सही है और उसने लड़की से शादी करने के लिए 17,500 डॉलर का मेहर अदा किया है। लड़की का पिता यमनी और मां सऊदी है। बुजुर्ग पति ने धमकी दी है कि अगर लड़की उसके पास वापस नहीं आई या उसे मेहर का धन नहीं लौटाया गया तो वह लड़की के माता-पिता पर मुकदमा चलाएगा। इस शादी की लोगों ने काफी आलोचना की है और ट्विटर के माध्यम से लोगों ने लड़की को बुजुर्ग को सौंपे जाने पर उसके माता-पिता की निंदा की है।
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सऊदी राष्ट्रीय मानवाधिकार संगठन की सदस्य सुहैला जीन अल-आबेदीन ने अधिकारियों से अनुरोध किया है कि बच्ची को इस त्रासदी से बचाने के लिए यथासंभव हस्तक्षेप तुरंत करें। उन्होंने कहा कि इस्लाम में शादी आपसी सहमति पर होनी चाहिए और लड़की द्वारा खुद को कमरे में बंद रखने की घटना से ऐसा नहीं लगता। अल-आबेदीन ने कहा कि दादा की उम्र के शख्स से शादी किए जाने पर लड़की के माता-पिता को भी जिम्मेदार ठहराया जाना चाहिए।  ट्विटर पर फिलहाल इस मामले में लोगों की टिप्पणियां जारी हैं। एजेंसी
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