हरिद्वार से वाराणसी सहित उत्तर प्रदेश की आखिरी सीमा तक गंगा एवं यमुना के किनारे बायोडायजेस्टर शौचालय बनेंगे। संगम से आज नई शुरूआत हुई। ये कहना था लोक निर्माण एवं सिंचाई मंत्री शिवपाल सिंह यादव का। उन्होंने संगम में बायोडायजेस्टर इको फ्रेंडली टॉयलेट कॉम्प्लेक्स के निर्माण के लिए शिलापूजन किया।
उन्होंने उन्होंने गंगा, यमुना में मानव मल, गंदा पानी और अन्य प्रकार की गंदगी को रोकने के लिए जैविक शौचालयों की जरूरत बताई। परमार्थ निकेतन शिविर में उन्होंने कहा कि डीआरडीओ के अनुसंधान से विकसित बायोडायजेस्टर शौचालय गंगा किनारे बनवाने में फिक्की की सहायता से गंगा एक्शन परिवार बड़ा अभियान चला रहा है। उन्होंने इस कार्य में सरकारी सहयोग का भरोसा दिलाया।
सहमे पीडब्ल्यूडी के अफसरों ने ली राहत की सांस
लोक निर्माण विभाग के अफसरों ने मंगलवार को राहत की सांस ली। प्रदेश के लोक निर्माण एवं सिंचाई मंत्री शिवपाल सिंह यादव मंगलवार को यहां पहुंचे तो माना जा रहा था कि बारिश में बह गए 18 नंबर पांटून पुल और मेले में चौपट हुए चकर्ड प्लेट मार्गों के मामले में मंत्री अफसरों की क्लास लगाएंगे लेकिन ऐसा नहीं हुआ। मंत्री जी मेला क्षेत्र पहुंचे, संगम में डुबकी लगाई और संतों का आशीर्वाद लेकर वापस लौट गए।
गंगा प्रदूषण, उसके निदान पर बनी फिल्म भी देखी
मंत्री शिवपाल सिंह ने परमार्थ निकेतन शिविर में गंगा में प्रदूषण की स्थिति और उसके निदान पर बनाई गई फिल्म को भी देखा। यह फिल्म चिदानंद मुनि के प्रयास से गंगा एक्शन परिवार ने तैयार की है। फिल्म को संसद के दोनों सदनों और विधानसभाओं में दिखाकर नीति निर्धारकों का ध्यान इस ओर खींचा जाएगा। मंत्री ने पर्यावरण संरक्षण के लिए गंगा एक्शन परिवार को सराहा। साथ ही परमार्थ शिविर की यज्ञशाला में आहुति दी।
उमा भारती भी पहुंचीं परमार्थ निकेतन
भाजपा की वरिष्ठ नेता उमा भारती भी अरैल स्थित परमार्थ निकेतन शिविर पहुंची। यहां उन्होंने स्वामी चिदानंद एवं साध्वी भगवती सरस्वती से गंगा-यमुना की निर्मलता के कार्यक्रमों के बारे में बातचीत की। इस मौके पर गुरुद्वारा गुरसागर साहिब चंडीगढ़ के प्रमुख प्रीतपाल सिंह ने भी शिविर पहुंचकर स्वामीजी से भेंट की।