तेलंगाना की राजनीति हर रोज नए करवट ले रही है। जैसे-जैसे चुनाव नजदीक आ रहे हैं बयानबाजी का खेल तेज होता जा रहा हैं। ताजा मामला असदुद्दीन ओवैसी और कांग्रेस के बीच छिडे़ जुबानी जंग का है। कांग्रेस ने तेलंगाना में अपने एक उम्मीदवार पर एमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी द्वारा रिश्वत की पेशकश के आरोप को लेकर उन पर पलटवार किया और कहा कि हैदराबाद के सांसद एवं उनकी पार्टी को गंभीरता से लेने की जरूरत नहीं है।
कांग्रेस प्रवक्ता अभिषेक मनु सिंघवी ने संवाददाताओं से कहा कि मैं यह बात स्पष्ट रूप से करना चाहता हूं कि हमें ओवैसी और उनकी पार्टी को गंभीरता से लेने की जरूरत नहीं है।
उन्होंने कहा कि क्या ऐसे व्यक्ति का कोई जवाब देना चाहिए जिसके पास भाजपा हमेशा जाती है, जब भी उसको वोटों की जरुरत पड़ती है या जो वह खुद बीजेपी का दरवाजा खटखटाता है जब उनको और चीजों की जरुरत पड़ती है।
दरअसल एआईएमआईएम अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी ने आरोप लगाया है कि निर्मल विधानसभा क्षेत्र से कांग्रेस प्रत्याशी ने हैदराबाद में टीआरएस के पक्ष में अपनी रैली रद्द करने की एवज में उन्हें 25 लाख रुपये की रिश्वत देने की कोशिश की हालांकि कांग्रेस नेता ने इस आरोप का खंडन किया है।
सोमवार रात पार्टी द्वारा निर्मल में आयोजित एक जनसभा को संबोधित करते हुए ओवैसी ने आरोप लगाया कि ए महेश्वर रेड्डी ने एआईएमआईएम के एक नेता को फोन किया और उनसे कहा कि यदि वे इस सभा को आयोजित होने से रोकेंगे तो उनकी पार्टी को 25 लाख रुपये मिल सकते हैं। हैदराबाद से लोकसभा सदस्य ने दावा किया कि उनके पास इस बातचीत की रिकॉर्डिंग भी है।