सात वर्षीय छात्र प्रद्युम्न की टॉयलेट में हुई निर्मम हत्या में भले ही कंडक्टर अशोक ने जुर्म कबूल कर लिया हो। चश्मदीद भी सामने आ गया हो, लेकिन मामले में अभी भी पेंच है।
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प्रद्युमन का स्कूल
- फोटो : अमर उजाला
मुख्य वजह यही है कि चाहे चश्मदीद हो या दो अन्य बच्चे। किसी ने भी कंडक्टर अशोक को प्रद्युम्न का गला काटते नहीं देखा, ऐसा भी हो सकता है कि प्रद्युम्न का गला किसी और ने काटा हो, अशोक जब टॉयलेट में गया तो वहां प्रद्युम्न को तड़पता देखा और उसे गोद में उठाकर बाहर भागा हो। उसी समय चश्मदीद ने उसे देखा हो। इस तरह मामले में एक और शख्स के शामिल होने की संभावना को झुठलाया नहीं जा सकता।
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रयान मर्डर केस
- फोटो : ANI
खून से लथपथ अशोक ही प्रद्युम्न को गोद में लेकर अंदर से बाहर आया था। अगर कंडक्टर अशोक ने कत्ल करने के मकसद से प्रद्युम्न को चाकू मारा होता तो वह खुद ही उसे बचाने का प्रयास क्यों करता। चश्मदीद का दावा है कि गला कटने के बाद भी काफी समय तक प्रद्युम्न जिंदा था। अस्पताल ले जाते समय कंडक्टर अशोक की गोद में मासूम की सांसे चल रही थी। खून से लथपथ अशोक ही प्रद्युम्न को स्कूल की गाड़ी से अस्पताल लेकर गया।
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ryan school
प्रद्युम्न की हत्या के मामले में सामने आई एसआईटी की रिपोर्ट में भी दावा किया गया है जघन्य हत्या के मामले में किसी एक अन्य शख्स की भी भूमिका संभावित है, जो इस वारदात को अंजाम देने के बाद जो शौचालय की टूटी खिड़की के रास्ते से भाग गया। हालांकि यह बात की रिपोर्ट में साफ है कि स्कूल प्रबंधन ने सबूतों के साथ छेड़छाड़ की। ऐसे में शक की सुई स्कूल प्रबंधन पर जाना लाजमी है।
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ryan school
- फोटो : अमर उजाला
प्रद्युम्न की मां और पिता तो पहले से ये शक जता रहे थे कि मेरे बेटे को अशोक ने नहीं मारा। बस के ड्राइवर ने भी कहा कि उसे पुलिस ने उसे टार्चर कर जबरन बयान दिलवाया कि बस के टूल किट में चाकू था। किट में चाकू था ही नही। सवाल ये है कि बस की टूल किट में चाकू नहीं था तो अशोक चाकू कहां से लाया? पोस्टमार्टम रिपोर्ट में कुकर्म की कोशिश को भी नकार दिया है, ऐसे में अशोक का कातिल होना संदेह को मजबूत करता है।
घटना स्थल पर आए एडीजीपी लॉ एंड ऑर्डर अकिल मोहम्मद ने भी माना था कि इसमें कोई दूसरा आरोपी भी हो सकता है। इसके बाद पुलिस इस एंगल को तलाशने में जुटी हुई है। मंगलवार को जेल भेजने से पहले पुलिस आरोपी कंडेक्टर अशोक को स्कूल ले जाकर सीन री-क्रिएट कराया गया। जिसमें अशोक ने दोबारा से पूरी घटना को दोहराया गया था। बच्चे की हत्या करने के बाद कैसे खून के धब्बे कहा तक पहुंचे और अशोक बाहर कैसे गया।