उन्नाव के शुक्लागंज में पति ने अपनी पत्नी की चापड़ से हत्या कर दी, इसके बाद वह कोतवाली पहुंच गया। चापड़ पुलिस के सौंप दी और उसने चाल-चलन के शक में पत्नी की हत्या का जुर्म भी कबूल कर लिया। सुनते ही पुलिस वाले चौंके, पहले तो यकीन ही नहीं हुआ, फिर मृतका के भाई की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज कर हत्यारोपी को जेल भेजा। गुरुवार रात की यह घटना गंगाघाट कोतवाली के सीताराम कालोनी स्थित बालू घाट मोड़ के पास की है।
हत्यारोपी आनंद तिवारी के पिता श्रीनारायण तिवारी के मुताबिक आनंद का पत्नी दीपिका (36) से विवाद हुआ था। श्रीनारायण ने बताया कि दोनों के एक बेटा और दो बेटियां हैं। आनंद प्राइवेट कंपनी में नौकरी करता था। साल भर पहले उसकी नौकरी छूट गई। परिवार पालने के लिए बहू दीपिका कानपुर में एक जगह खाना बनाने लगी थी। गुरुवार रात आनंद व दीपिका में किसी बात को लेकर विवाद हो गया।
बात जब श्रीनारायण के कानों तक पहुंची तो वह दोनों के कमरे में गए थे और दोनों को समझाया-बुझाया था, फिर बगल के कमरे में सोने चले गए थे। श्रीनारायाण ने बताया कि देर रात बहू की चीखों की आवाज सुनाई पड़ी। इस पर वह उनके कमरे में पहुंचे। दीपिका बेड पर लहूलुहान तड़प रही थी। यह देख वह सकते में पड़ गए। आनंद को रोकने की कोशिश की, लेकिन उसने एक न सुनी। शोर सुनकर जागे बच्चों को धक्का देकर वह भागा निकला।
पुलिस पूछताछ में आनंद ने पत्नी का किसी व्यक्ति के साथ प्रेम प्रसंग होने की बात कही, जबकि श्रीनारायण ने इससे इनकार किया। मौके पर पहुंची फोरेंसिक टीम ने जांच पड़ताल की। दीवार पर लगे खून के छींटे और बिस्तर पर पड़े खून का सैंपल लिया। कोतवाल संजय पांडे ने बताया कि मृतका के भाई विमल कुमार शुक्ला की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज कर आरोपी को जेल भेजा गया है। उधर, मां का साया उठने से बेटी खुशी, परी और बेटे ऐश्वर्य का बुरा हाल है।