फिर इसके कुछ महीनों बाद एक ऑनलाइन लिंक के साथ एक वीडियो का मेसेज राहुल को आता है। जब राहुल वह वीडियो देखते हैं तो वह हैरान रह जाते हैं क्योंकि वह वीडियो उन्हीं का था, जो उन्होंने अरीज नाम की उस लड़की को भेजा होता है। फिर उसी प्रोफाइल से राहुल को मैसेज आता है, 'तुम बेवकूफ बन गए हो, मैं एक आदमी हूं, औरत नहीं, अगर तुम मुझे 2000 डॉलर नहीं भेजोगे तो ये वीडियो तुम्हारे परिवार और देस्तों को शेयर कर दूंगा।'
इसके बाद राहुल कई बार मिन्नतें करते हैं लेकिन उसे पैसे ट्रांसफर करना ही पड़ा। हालांकि राहुल ने उस शख्स को ब्लॉक कर दिया लेकिन मामला यहीं खत्म नहीं होता, कुछ दिनों बाद उन्हें दोबारा मेसेज आता है और इस बार मांग होती है 100 डॉलर की।
इस बार पैसे भेजने की बजाय राहुल इसकी शिकायत कानून प्रवर्तन एजेंसी में कर देते हैं। जिसके बाद से उन्हें ऐसे मेसेज आने बंद हो जाते हैं।
अभी तक किए गए सर्वे से पता चलता है कि इसके शिकार भारत में अधिकतर पुरुष ही होते हैं। जिसका कारण है कि वह अपने अकाउंट पर प्राइवेसी नहीं लगाते जबकि महिलाएं अपने अकाउंट पर प्राइवेसी लगाती हैं। बीते साल माइक्रोसॉफ्ट ने पेन इंडिया सर्वे किया था जिससे पता चला कि इसके शिकार 13-17 साल के लोग और 18-74 के लोग ज्यादा बनते हैं। वहीं कई मामले तो पुलिस के सामने भी नहीं आते हैं।
यदि आप भी कभी ऐसे किसी ऐप पर जालसाजी का शिकार होते हैं को आपको इन बातों को ध्यान में रखना चाहिए जिससे आप इनके चंगुल में फंसने से बच सकते हैं-
- किसी भी तरह का सबूत ना मिटाएं जैसे मेसेज, फोटो, ई मेल, ऑडियो या फिर वीडियो।
- किसी भी तरह की मांग कभी पूरी ना करें।
- अपने दोस्त या किसी परिवार के सदस्य को इसकी सूचना दें।
- ऐसा कुछ भी होने पर नजदीकी पुलिस स्टेशन या साईबर सेल पर संपर्क करें। साथ ही एक एफआईआर भी दर्ज कराएं।
- यदि मानसिक रूप से परेशान हों तो काउंसलिंग का सहारा लें।